रायगढ़ पुलिस की बड़ी कार्रवाई: किशोरी को दूसरी बार अगवा कर बिलासपुर ले जाने वाला 18 वर्षीय अनुज गिरफ्तार, केवड़ाबाड़ी महादेव मंदिर के पास से नाबालिग सकुशल बरामद…

रायगढ़ | नाबालिग बच्चों की सुरक्षा और महिला संबंधी अपराधों के खिलाफ रायगढ़ पुलिस ने एक बार फिर कड़ी और त्वरित कार्रवाई करते हुए अपराधियों को कड़ा संदेश दिया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) श्री शशि मोहन सिंह के सख्त दिशा-निर्देशन में जूटमिल थाना पुलिस ने ‘अभियान संवेदना’ के तहत एक 15 वर्षीय नाबालिग बालिका को दूसरी बार बहला-फुसलाकर भगा ले जाने वाले 18 वर्षीय आरोपी अनुज स्वर्णकार को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ अपहरण, दुष्कर्म और पॉक्सो (POCSO) एक्ट के तहत दो अलग-अलग मामले दर्ज कर उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
पहली घटना : पुलिस के पहुँचने से पहले ही फरार हो गया था आरोपी – मामले का खुलासा तब हुआ जब बीते 3 जुलाई 2026 को पीड़िता के परिजनों ने जूटमिल थाने में शिकायत दर्ज कराई कि उनकी 15 वर्षीय बेटी 30 जून से घर से बिना बताए लापता है।
- पुलिसिया कार्रवाई : पुलिस ने तत्काल अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 361/2026, धारा 137(2) BNS (भारतीय न्याय संहिता) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
- बालिका की बरामदगी : मुखबिरों और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर 11 जुलाई 2026 को पुलिस ने आरोपी अनुज स्वर्णकार के घर पर दबिश दी और नाबालिग को सकुशल बरामद (दस्तयाब) कर लिया। हालांकि, आरोपी पुलिस की भनक लगते ही मौके से फरार होने में कामयाब रहा।
- बढ़े संगीन जुर्म : महिला पुलिस अधिकारी द्वारा पीड़िता के बयान और मेडिकल जांच रिपोर्ट के आधार पर मामले में धारा 65(1)(ड) BNS और धारा 4, 6 पॉक्सो एक्ट जोड़ी गई। काउंसलिंग के बाद बच्ची को उसके माता-पिता को सौंप दिया गया था।
दूसरी घटना : दो ही दिन बाद फिर भगा ले गया आरोपी, बिलासपुर स्टेशन पर कटी रात – पुलिस अभी फरार आरोपी की तलाश कर ही रही थी कि महज़ दो दिन बाद, यानी 13 जुलाई 2026 को नाबालिग लड़की अचानक फिर से लापता हो गई।
- दोबारा FIR दर्ज : परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने बिना वक्त गंवाए आरोपी के खिलाफ दूसरा अपराध क्रमांक 380/2026, धारा 137(2) BNS के तहत दर्ज किया।
- रेलवे स्टेशन पर छिपने का प्लान : पूछताछ में सामने आया कि 13 जुलाई को आरोपी अनुज नाबालिग को लेकर ट्रेन से बिलासपुर भाग गया था। दोनों ने एक रात बिलासपुर रेलवे स्टेशन पर गुजारी और अगले दिन वापस रायगढ़ लौट आए।
- घेराबंदी कर दबोचा : जूटमिल पुलिस ने जाल बिछाया और 15 जुलाई 2026 को केवड़ाबाड़ी स्थित निकले महादेव मंदिर के पास से आरोपी अनुज स्वर्णकार को धर दबोचा और उसके चंगुल से बालिका को दोबारा सकुशल बरामद किया।
इस टीम ने निभाया मुख्य किरदार – महिला और बच्चों से जुड़े इस संवेदनशील मामले में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई करने में रायगढ़ पुलिस की इस विशेष टीम की मुख्य भूमिका रही:
- निरीक्षक अभिनव कांत सिंह (थाना प्रभारी, जूटमिल)
- कुसुम कैवर्त (महिला थाना प्रभारी)
- प्रधान आरक्षक: समुंद रनकर, अनूप कुजूर
- आरक्षक: परमानंद पटेल, शिवा प्रधान एवं हमराह स्टाफ।
अभिभावक रखें बच्चों पर कड़ी निगरानी” – “नाबालिग बच्चों की सुरक्षा रायगढ़ पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। बच्चों को बहला-फुसलाकर ले जाना एक अत्यंत गंभीर और अक्षम्य अपराध है, जिस पर हमारी टीम पूरी संवेदनशीलता से काम कर रही है। मैं सभी अभिभावकों से अपील करता हूँ कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों पर नजर रखें। उन्हें ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों ही दुनिया के खतरों के प्रति जागरूक करें। किसी भी संदिग्ध परिस्थिति या गुमशुदगी की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते बच्चों को सुरक्षित बचाया जा सके।” – श्री शशि मोहन सिंह (SSP, रायगढ़)




