रायगढ़ पुलिस का ‘ऑपरेशन प्रहार’: 1.60 करोड़ के अवैध स्क्रैप नेक्सेस का भंडाफोड़; SSP शशि मोहन सिंह की बड़ी स्ट्राइक…

रायगढ़। जिला पुलिस ने अवैध कबाड़ और चोरी की संपत्ति के सिंडिकेट पर अब तक का सबसे बड़ा प्रहार किया है। एसएसपी शशि मोहन सिंह के नेतृत्व में चल रहे ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत पुलिस की संयुक्त टीमों ने घेराबंदी कर उड़ीसा से छत्तीसगढ़ लाए जा रहे 9 वाहनों को जब्त किया है। इन वाहनों में 140 टन अवैध स्क्रैप लदा हुआ था, जिसकी कुल कीमत वाहनों सहित 1 करोड़ 60 लाख रुपये आंकी गई है।
उड़ीसा से पूंजीपथरा तक फैला था ‘अवैध जाल’ : पुलिस को खुफिया तंत्र से सटीक सूचना मिली थी कि उड़ीसा के रास्ते भारी मात्रा में अवैध लोहा, टीन के टुकड़े और पुरानी गाड़ियों के पार्ट्स (स्क्रैप) खपाने के लिए रायगढ़ के पूंजीपथरा और गेरवानी इंडस्ट्रियल बेल्ट में लाए जा रहे हैं। सूचना मिलते ही एसएसपी शशि मोहन सिंह ने जिले के कोतवाली, जूटमिल और साइबर थाना प्रभारियों को हाईवे और अंदरूनी रास्तों पर अभेद्य नाकेबंदी (Seal & Search) के आदेश जारी किए।
सर्जिकल स्ट्राइक जैसी कार्रवाई : दो मोर्चों पर पुलिस का जाल – एसएसपी के निर्देश पर पुलिस ने दो प्रमुख स्थानों पर जाल बिछाया:
- जूटमिल पुलिस की दबिश: गढ़उमरिया-उड़ीसा मुख्य मार्ग पर नाकेबंदी के दौरान 3 विशालकाय ट्रकों को रोका गया। जांच में इनमें 85 टन अवैध कबाड़ मिला।
- कोतवाली और साइबर सेल का एक्शन: उर्दना के पास घेराबंदी कर 6 अन्य संदिग्ध वाहनों (ट्रक, माजदा और पिकअप) को दबोचा गया, जिनमें 54 टन से अधिक स्क्रैप लोड था।
जब पुलिस ने चालकों से माल के वैध दस्तावेज और बिल मांगे, तो वे निरुत्तर हो गए। संदेह है कि यह स्क्रैप चोरी की संपत्ति है जिसे खपाने की तैयारी थी।
अपराधियों पर बीएनएस (BNS) की सख्त धाराएं : पुलिस ने इस मामले में बिहार, उड़ीसा और छत्तीसगढ़ के 9 आरोपियों को हिरासत में लिया है। पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ धारा 35(क)(ड) BNSS और धारा 303(2) BNS के तहत वैधानिक कार्रवाई की गई है।
एसएसपी शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश : “ऑपरेशन प्रहार का उद्देश्य जिले में संपत्ति संबंधी अपराधों पर पूरी तरह नकेल कसना है। अवैध कबाड़ के संग्रहण, परिवहन या चोरी का माल खरीदने वालों पर हमारी चौबीसों घंटे निगरानी है। यह तो बस शुरुआत है, इस सिंडिकेट के पीछे छिपे सफेदपोशों पर भी कड़ी कार्रवाई होगी।”
आरोपियों की सूची : पुलिस की गिरफ्त में ये 9 चेहरे –
- उज्जवल कुमार सिंह (गया, बिहार)
- मोहम्मद खालिद (नालंदा, बिहार)
- राणा सिंह (पिथौरा, महासमुंद)
- मनीराम (जैजेपुर, सक्ती)
- युधिष्ठिर दास (बरगढ़, उड़ीसा)
- मोहनलाल सारथी (रेगड़ा, रायगढ़)
- भूषण साह (झारसुगुड़ा, उड़ीसा)
- करतार सिंह (बरगढ़, उड़ीसा)
- सुभाष कुमार मांझी (अंगुल, उड़ीसा)
टीम वर्क : इस बड़ी सफलता में एसएसपी शशि मोहन सिंह के साथ एएसपी अनिल सोनी, सीएसपी मयंक मिश्रा और कोतवाली, जूटमिल व साइबर सेल के जांबाज पुलिसकर्मियों की अहम भूमिका रही।




