बालवीर राकेश और आर्यन का कलेक्टर ने किया सम्मान ; नाले में डूबते बालक को बचाकर दिखाई अदम्य हिम्मत, कहा – “ऐसे बच्चे समाज की प्रेरणा हैं”…

रायगढ़, 11 नवम्बर 2025। जिला कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी ने आज कलेक्टोरेट में दो बहादुर बच्चों राकेश मिंज और आर्यन खेस का सम्मान किया। इन दोनों ने अपने साहस, सूझबूझ और मानवीय संवेदनशीलता से पांच वर्षीय बालक दादू मिंज की जान बचाई थी, जो बारिश के दिनों में नाले में गिरकर डूबने लगा था।
यह घटना 24 सितम्बर 2025 की है। लगातार हो रही वर्षा के कारण बालसमुंद नाला, जो प्राथमिक शाला उरांव पंडरीपानी के पास बहता है, उस दिन तेज़ बहाव में था। खेलते-खेलते पाँच वर्षीय दादू मिंज का पैर फिसल गया और वह नाले में जा गिरा। तभी स्कूल के दो छात्र राकेश मिंज और आर्यन खेस ने बिना किसी भय के तत्काल नाले में छलांग लगा दी और बच्चे को बाहर निकालकर उसकी जान बचाई। दोनों ने बालक को प्राथमिक उपचार भी दिया, जिससे वह पूरी तरह सुरक्षित हो सका।
कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी ने इन साहसी बच्चों से मुलाकात कर उनकी बहादुरी की सराहना की। उन्होंने कहा,
“राकेश और आर्यन जैसे बच्चे हमारे समाज के लिए प्रेरणा हैं। इनकी हिम्मत और संवेदनशीलता ने यह साबित किया है कि सच्चा वीर उम्र नहीं, हौसले से पहचाना जाता है।”
मुलाकात के दौरान कलेक्टर ने जब बच्चों से स्नेहपूर्वक पूछा कि उन्हें क्या चाहिए, तो उन्होंने मासूमियत से “चॉकलेट” मांगी। मुस्कुराते हुए कलेक्टर ने कहा “कुछ और मांगो,” जिस पर दोनों ने साइकिल की इच्छा जताई। इस पर कलेक्टर ने तत्काल संबंधित अधिकारियों को दोनों बालवीरों को साइकिल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने यह भी घोषणा की कि जिला प्रशासन इन बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए हरसंभव सहयोग करेगा। साथ ही उन्होंने दोनों के नाम राज्य वीरता पुरस्कार के लिए प्रस्ताव तैयार कर संबंधित विभाग को भेजने के निर्देश दिए।
इस अवसर पर महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री एल. आर. कच्छप, एवं प्राथमिक शाला उरांव पंडरीपानी के प्रधान पाठक श्री जितेन्द्र कुमार मिश्रा उपस्थित रहे।




