राम मंदिर चंदे में ‘घोटाला’ पर पत्थलगांव में उबाल: कांग्रेस ने खोला मोर्चा, निष्पक्ष जांच की मांग…

पत्थलगांव। अयोध्या में निर्मित श्रीराम मंदिर के चंदे में कथित धांधली और चोरी के आरोपों ने सियासी पारा चढ़ा दिया है। इसे लेकर पत्थलगांव में कांग्रेस ने भाजपा सरकार को घेरते हुए उग्र प्रदर्शन किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शहर में रैली निकालकर इस पूरे मामले को करोड़ों हिंदुओं की आस्था के साथ ‘धोखा’ करार दिया है।
आस्था के नाम पर ‘खेल’, सरकार मौन क्यों?– प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने सीधा हमला बोलते हुए कहा कि भगवान श्रीराम का मंदिर देश की आस्था का सबसे बड़ा केंद्र है। ऐसे पवित्र स्थल के नाम पर जुटाए गए चंदे में अनियमितता किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। नेताओं ने आरोप लगाया कि जब अन्य मामलों में केंद्र और राज्य की भाजपा सरकार की जांच एजेंसियां फुर्ती दिखाती हैं, तो राम मंदिर से जुड़े इस गंभीर मामले में चुप्पी क्यों साधे हुए हैं?
कांग्रेस की दो टूक: ‘दूध का दूध, पानी का पानी हो’ – कांग्रेस ने स्पष्ट किया है कि चंदे के नाम पर हुए कथित घपले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच जरूरी है। पार्टी ने मांग की है कि:
- उच्च स्तरीय जांच : पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच हो ताकि सच सामने आ सके।
- दोषियों पर सख्त कार्रवाई : अनियमितता में लिप्त लोगों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई हो।
- श्रद्धालुओं का भरोसा : मामले में स्पष्टता लाकर देश के करोड़ों राम भक्तों का विश्वास बहाल किया जाए।
प्रदर्शन में इनकी रही मौजूदगी -इस विरोध प्रदर्शन में प्रदेश महामंत्री श्रीमती आरती सिंह, प्रदेश कांग्रेस संयुक्त सचिव पवन अग्रवाल, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष सुरेश अग्रवाल, जिला महासचिव मयंक रोहिला, प्रदेश सचिव मनोज तिवारी और मंडल अध्यक्ष अंकित शर्मा समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने अपनी पूरी ताकत के साथ भागीदारी सुनिश्चित की।
क्या कांग्रेस का यह दबाव सरकार को इस मामले में जांच के आदेश देने के लिए मजबूर करेगा, या फिर यह विरोध केवल कागजों तक ही सीमित रहेगा?



