शादी का झांसा, लिव-इन और फिर बेवफाई : रायगढ़ पुलिस ने ‘धोखेबाज’ प्रेमी को दबोचा…

रायगढ़। “शादी करेंगे, साथ रहेंगे…” इन मीठी बातों के जाल में फंसाकर एक युवती की अस्मत से खिलवाड़ करने वाले आरोपी को रायगढ़ की महिला थाना पुलिस ने सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है। आरोपी ने न केवल पीड़िता को तीन महीने तक ‘पत्नी’ बनाकर रखा, बल्कि गर्भवती होने पर उसे बेसहारा छोड़ कर फरार हो गया था।
भरोसे का कत्ल : दिल्ली से रायगढ़ तक शोषण की दास्तां – मामला बेहद गंभीर और संदेहास्पद है। पीड़िता ने पुलिस को बताया कि उसकी पहचान बादल सारथी (20 वर्ष) निवासी रायगढ़ से हुई थी। आरोपी ने शादी का सब्जबाग दिखाकर उसे अपने साथ तीन महीने तक रखा। इस दौरान वह लगातार शारीरिक शोषण करता रहा।
जब पीड़िता ने शादी के लिए दबाव बनाया, तो आरोपी का असली चेहरा सामने आ गया। उसने मारपीट कर पीड़िता को घर से निकाल दिया। हद तो तब हो गई जब जनवरी 2026 में पीड़िता काम के सिलसिले में दिल्ली गई, तो आरोपी वहां भी जा पहुंचा और दोबारा संबंध बनाए।
गर्भवती पीड़िता को मझधार में छोड़ा : दिल्ली में रहने के दौरान जब पीड़िता ने अपने गर्भवती होने की बात आरोपी को बताई, तो उसने फिर से ‘जल्द शादी’ का झूठा नाटक रचा। लेकिन 24 मार्च को आरोपी चुपचाप दिल्ली से भागकर रायगढ़ आ गया। जब पीड़िता पीछे-पीछे रायगढ़ पहुंची, तो आरोपी ने उसे पहचानने तक से इनकार कर दिया और घर में घुसने नहीं दिया।
पुलिस की ‘कमांडो’ कार्रवाई: आरोपी गया जेल – पीड़िता की आपबीती सुनने के बाद एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह के निर्देशन में महिला थाना प्रभारी उप निरीक्षक कुसुम कैवर्त ने तत्काल एक्शन लिया :
- FIR दर्ज : धारा 69 (BNS) के तहत अपराध क्रमांक 33/2026 पंजीबद्ध।
- गिरफ्तारी : पुलिस टीम ने घेराबंदी कर आरोपी बादल सारथी को हिरासत में लिया।
- कबूलनामा : पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार किया, जिसके बाद उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
एसएसपी का सख्त अल्टीमेटम: “बख्शे नहीं जाएंगे अपराधी”
इस कार्रवाई के बाद एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कड़ा संदेश देते हुए कहा:
“महिलाओं और बच्चों के विरुद्ध अपराध करने वालों के लिए रायगढ़ में कोई जगह नहीं है। सुरक्षा और सम्मान से समझौता कतई बर्दाश्त नहीं होगा। अपराधी चाहे कितना भी शातिर क्यों न हो, कानून के हाथ उस तक जरूर पहुंचेंगे।”
पुलिस टीम की भूमिका : इस त्वरित कार्रवाई में डीएसपी उन्नति ठाकुर के मार्गदर्शन में एसआई कुसुम कैवर्त, एएसआई सरस्वती महापात्रे, विल्फ्रेड मसीह और हेड कांस्टेबल संदीप भगत सहित अन्य स्टाफ की मुख्य भूमिका रही।
रायगढ़ पुलिस की अपील : किसी भी प्रकार के शोषण या हिंसा की स्थिति में तुरंत पुलिस को सूचित करें। आपकी सुरक्षा हमारी प्राथमिकता है।




