सद्भावना चौक हत्याकांड का खुलासा : ₹35 हजार का इनामी हत्यारा गिरफ्तार; अवैध संबंध के शक में दुष्कर्म के बाद बेरहमी से ली थी जान…

अम्बिकापुर। सरगुजा पुलिस ने रिंग रोड स्थित सद्भावना चौक के पास एक महिला की जघन्य हत्या की गुत्थी सुलझा ली है। पुलिस ने मामले में फरार चल रहे आरोपी छोटू उर्फ मिथुन उर्फ राम सिंह को चिरमिरी से घेराबंदी कर गिरफ्तार किया है। आरोपी पर आईजी और एसएसपी सरगुजा द्वारा कुल 35 हजार रुपये के इनाम की घोषणा की गई थी। वारदात के पीछे अवैध संबंध का शक और आपसी विवाद मुख्य वजह सामने आई है।
क्या था मामला? – बीती 3 अप्रैल 2026 को कोतवाली थाना क्षेत्र के सद्भावना चौक स्थित एक मछली दुकान के ‘झाला’ (झोपड़ी) में एक अज्ञात महिला का खून से लथपथ शव बरामद हुआ था। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीआईजी और एसएसपी सरगुजा राजेश कुमार अग्रवाल (IPS) ने स्वयं घटनास्थल का मुआयना किया था। मृतिका की पहचान और आरोपी की तलाश के लिए साइबर सेल समेत 4 विशेष टीमों का गठन किया गया था।
अवैध संबंध का शक बना मौत का कारण – पुलिस की पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। आरोपी छोटू (30 वर्ष) पिछले 6-7 साल से अम्बिकापुर में मजदूरी और कचरा बीनने का काम करता था। इसी दौरान उसकी मुलाकात मृतिका से हुई थी और वे साथ रहने लगे थे। आरोपी को शक था कि महिला का किसी अन्य व्यक्ति के साथ अवैध संबंध है।
घटना वाले दिन 2 अप्रैल को दोनों ने साथ में शराब पी और सद्भावना चौक के पास सोने चले गए। वहां इसी बात को लेकर विवाद शुरू हुआ। गुस्से में आरोपी ने महिला के साथ जबरन दुष्कर्म किया और फिर उसे जमीन पर पटककर लात-घूसों से इतना पीटा कि मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
पुलिस को छकाकर नागपुर भागा, फिर अस्पताल से धराया – हत्या के बाद आरोपी ने फिल्मी अंदाज में फरारी काटी। वह अम्बिकापुर रेलवे स्टेशन से पटरियों के सहारे पैदल बिश्रामपुर पहुँचा, वहां से ट्रेन पकड़कर नागपुर भाग गया। कुछ दिन बाद वह अपनी बीमार माँ से मिलने चिरमिरी आया था। सरगुजा पुलिस द्वारा जारी फोटो और अलर्ट की मदद से चिरमिरी पुलिस ने उसे अस्पताल परिसर के पास दबोच लिया।
कपड़ों ने खोला राज – हैरानी की बात यह है कि आरोपी ने हत्या के वक्त जो कपड़े पहने थे, गिरफ्तारी के समय भी वही कपड़े पहने हुए था। पुलिस ने वे खून से सने कपड़े बरामद कर लिए हैं। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 64(2) (दुष्कर्म) और 103(1) (हत्या) के तहत मामला दर्ज कर उसे न्यायालय में पेश किया है।
सराहनीय कार्य करने वाली टीम – इस बड़ी कामयाबी में कोतवाली थाना प्रभारी शशिकांत सिन्हा, साइबर सेल प्रभारी अजीत मिश्रा, चिरमिरी थाना प्रभारी और उनकी टीमों की मुख्य भूमिका रही। आईजी सरगुजा दीपक झा (IPS) और एसएसपी ने पूरी टीम को इस त्वरित कार्यवाही के लिए बधाई दी है।




