रिश्तों का कत्ल : सगे भांजे ने रची 1 करोड़ की साजिश, ‘हनीट्रैप’ में फंसकर किडनैप हुआ मामा का इकलौता बेटा…

भिलाई/अमलेश्वर: दुर्ग जिले के अमलेश्वर थाना क्षेत्र में रिश्तों को शर्मसार करने वाली एक ऐसी वारदात सामने आई है, जिसने पुलिस और जनता दोनों को हैरान कर दिया है। एक लालची भांजे ने अपने ही मामा के 16 वर्षीय बेटे के अपहरण की खौफनाक साजिश रची और फिरौती में 1 करोड़ रुपए की मांग कर डाली। इस पूरी वारदात में ‘हनीट्रैप’ का सहारा लिया गया, लेकिन पुलिस की तत्परता और ‘जेसीबी घेराबंदी’ ने आरोपियों के मंसूबों पर पानी फेर दिया।
इंस्टाग्राम पर ‘इश्क’, सड़क पर किडनैपिंग – साजिश की शुरुआत सोशल मीडिया से हुई। मास्टरमाइंड संजय साहू (25) ने अपने मामा की संपन्नता को देखते हुए उन्हें लूटने का प्लान बनाया। उसने इस खेल में हेमपुष्पा साहू (24) नाम की युवती को शामिल किया। हेमपुष्पा ने इंस्टाग्राम के जरिए नाबालिग को अपने प्रेम जाल में फंसाया। 12 अप्रैल को जब लड़का युवती से मिलने तिरंगा चौक पहुंचा, तो वहां पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने उसे गनपॉइंट पर सेंट्रो कार में खींच लिया।
“1 करोड़ दो वरना बेटे की लाश उठाना” – अपहरण के महज 45 मिनट बाद पीड़ित ठेकेदार पिता के पास धमकी भरा कॉल आया। किडनैपर्स ने चीखते हुए कहा – “1 करोड़ रुपए तैयार रखो, वरना बेटा जिंदा नहीं बचेगा।” फोन पर नाबालिग बेटा भी रोते हुए अपनी जान की भीख मांगता सुनाई दिया। पिता ने बिना वक्त गंवाए अमलेश्वर थाने में सूचना दी, जिसके बाद दुर्ग पुलिस अलर्ट मोड पर आ गई।
साइबर सेल और जेसीबी की ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ – दुर्ग पुलिस ने साइबर सेल की मदद से लोकेशन ट्रेस की, जो धमतरी के भखारा इलाके में मिली। अपहरणकर्ता भागने की फिराक में थे, लेकिन धमतरी पुलिस ने अर्जुनी क्षेत्र में फिल्मी अंदाज में घेराबंदी की। आरोपियों की कार को रोकने के लिए पुलिस ने बीच सड़क पर जेसीबी (JCB) अड़ा दी। रास्ता पूरी तरह ब्लॉक देख किडनैपर्स के हाथ-पांव फूल गए और पुलिस ने घेराबंदी कर नाबालिग को सुरक्षित बरामद कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों का प्रोफाइल – पुलिस ने इस मामले में कुल 5 आरोपियों को दबोचा है, जिनमें सगा भांजा और एक युवती शामिल है:
- संजय साहू (25): मास्टरमाइंड (पीड़ित का सगा भांजा)
- हेमपुष्पा साहू (24): हनीट्रैप की मोहरा
- शैलेंद्र लहरे (25): सहयोगी
- रविंद्र लहरे उर्फ नानू (20): सहयोगी
- कृष्णा साहू उर्फ करन (28): सहयोगी
पुलिस का बयान : “आरोपियों ने पूरी प्लानिंग के साथ वारदात को अंजाम दिया था। सगे भांजे ने ही मुखबिरी की और फिरौती के लिए लड़की का इस्तेमाल किया। हमने सेंट्रो कार और 6 मोबाइल जब्त किए हैं। सभी आरोपियों को जेल भेजा जा रहा है।”
सावधान रहें : सोशल मीडिया पर अनजान लोगों से दोस्ती जानलेवा हो सकती है। अपने बच्चों की डिजिटल गतिविधियों पर नजर रखें और किसी भी संदिग्ध कॉल की सूचना तुरंत पुलिस को दें।



