नक्सलवाद का ‘पूर्ण विराम’ : डॉ. रमन सिंह ने अमित शाह को बताया आधुनिक भारत का ‘साध्य पुरुष’, सरदार पटेल से की तुलना…

रायपुर/नई दिल्ली: छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और वर्तमान विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को एक बेहद भावुक और प्रभावशाली पत्र लिखा है। 31 मार्च 2026 की तारीख को ‘राष्ट्र के लिए नई सुबह’ बताते हुए डॉ. सिंह ने ऐलान किया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और अमित शाह के अडिग संकल्प से भारत भूमि अब नक्सलवाद के दंश से पूरी तरह मुक्त हो चुकी है।

‘लौह पुरुष’ के बाद अब ‘साध्य पुरुष’ का उदय – डॉ. रमन सिंह ने अपने पत्र में अमित शाह की ऐतिहासिक तुलना करते हुए लिखा कि आजादी के बाद देश की 562 रियासतों का विलय कराने वाले ‘लौह पुरुष’ सरदार वल्लभभाई पटेल के बाद यदि देश को कोई सबसे मजबूत गृह मंत्री मिला है, तो वह अमित शाह हैं। उन्होंने शाह को ‘साध्य पुरुष’ की संज्ञा देते हुए कहा कि उन्होंने राष्ट्रहित में हर असंभव कार्य को संभव कर दिखाया है।
पिछली सरकारों पर तीखा प्रहार – डॉ. सिंह ने अपने कार्यकाल के अनुभवों को साझा करते हुए पिछली यूपीए (UPA) सरकार पर तीखा तंज कसा। उन्होंने लिखा :
“मुझे याद है जब मैं मुख्यमंत्री के तौर पर राष्ट्रीय बैठकों में जाता था, तब तत्कालीन केंद्र सरकार नक्सलवाद को केवल राज्य की समस्या मानकर पल्ला झाड़ लेती थी। हालांकि मनमोहन सिंह जी ने इसे आंतरिक सुरक्षा के लिए खतरा माना, लेकिन समाधान कभी नहीं किया।”
अनुच्छेद 370 से नक्सलवाद के खात्मे तक का सफर – पत्र में जिक्र किया गया है कि जिस तरह 5 अगस्त 2019 को कश्मीर से धारा 370 हटाकर दशकों पुरानी समस्या को जड़ से मिटाया गया, उसी इच्छाशक्ति ने आज बस्तर से नक्सलवाद का सफाया किया है। डॉ. सिंह ने स्वीकार किया कि जब 24 अगस्त 2024 को शाह ने नक्सलवाद के ‘समूल नाश’ की घोषणा की थी, तब उन्हें लगा था कि शायद इसमें जल्दबाजी हो रही है, लेकिन शाह की रणनीति ने इसे हकीकत में बदल दिया।
बस्तर के लिए ‘नई सुबह’ का आगाज – डॉ. रमन सिंह ने छत्तीसगढ़ की 3 करोड़ जनता की ओर से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अब बस्तर का आदिवासी समाज मुख्यधारा से जुड़ेगा। उन्होंने कहा:
- शिक्षा और कौशल : युवाओं को अब बंदूकों की जगह बेहतर शिक्षा मिलेगी।
- पलायन पर रोक : ‘धान का कटोरा’ कहे जाने वाले छत्तीसगढ़ को अब भुखमरी और पलायन के काले दौर से मुक्ति मिलेगी।
- आत्मनिर्भर बस्तर : क्षेत्र अब भयमुक्त होकर विकास की राह पर तेजी से आगे बढ़ेगा।
यह पत्र केवल एक धन्यवाद ज्ञापन नहीं, बल्कि नक्सलवाद के विरुद्ध मिली निर्णायक जीत का ‘विजय पत्र’ है। डॉ. रमन सिंह के इस पत्र ने राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज कर दी है, जिसमें उन्होंने स्पष्ट कर दिया है कि गृह मंत्री अमित शाह का नाम भारत के इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों में अंकित किया जाएगा।




