रायगढ़ में पुलिस का ‘डबल डोज’: पहले काटा चालान, फिर हाथ में थमाया हेलमेट; सड़क पर दिखी सख्ती और संवेदना की अनूठी तस्वीर

• छातामुड़ा चौक पर एक्शन मोड में दिखी पुलिस, नियम तोड़ने वालों को सिखाया ‘सुरक्षा का पाठ’…
रायगढ़। सड़क हादसों पर लगाम लगाने के लिए रायगढ़ पुलिस ने अब ‘साम, दाम और दंड’ की नीति अपना ली है। शनिवार को शहर के सबसे व्यस्ततम छातामुड़ा चौक पर पुलिस का एक अलग ही चेहरा देखने को मिला। पुलिस अधीक्षक श्री दिव्यांग पटेल के सख्त निर्देशों के बाद यातायात पुलिस और परिवहन विभाग ने संयुक्त रूप से मोर्चा संभाला। यहाँ न केवल नियम तोड़ने वालों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई की गई, बल्कि ‘गांधीगिरी’ की तर्ज पर उन्हें हेलमेट पहनाकर जीवन रक्षा का संकल्प भी दिलाया गया।
चालान का दंड और सुरक्षा का उपहार : अभियान के दौरान पुलिस ने बिना हेलमेट फर्राटा भर रहे दुपहिया चालकों को रोका और मोटर व्हीकल एक्ट के तहत उन पर चालानी कार्रवाई की। लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं हुई। चालान कटने से मायूस चालकों के चेहरे तब खिल उठे (और शर्मिंदा भी हुए) जब आरटीओ श्री अमित कश्यप और ट्रैफिक डीएसपी श्री उत्तम प्रताप सिंह ने उन्हें मौके पर ही नि:शुल्क हेलमेट प्रदान किए। पुलिस ने साफ संदेश दिया कि उनका मकसद सिर्फ जुर्माना वसूलना नहीं, बल्कि लोगों की जान बचाना है।
अधिकारियों ने दी सीधी चेतावनी: “सिर सलामत तो सब सलामत” – मौके पर मौजूद अधिकारियों ने चालकों को दो टूक लहजे में समझाया कि हेलमेट पुलिस से बचने के लिए नहीं, बल्कि घर पर इंतजार कर रहे परिवार के लिए पहनें।
ट्रैफिक डीएसपी श्री उत्तम प्रताप सिंह ने कहा, “छोटी सी लापरवाही बड़े मातम का कारण बन सकती है। शराब पीकर गाड़ी चलाना, मोबाइल पर बात करना या रफ़्तार का नशा—ये सब जानलेवा हैं। अब पीछे बैठने वाले को भी हेलमेट पहनना होगा।”
भविष्य के लिए सख्त संकेत : इस अभियान के दौरान थाना प्रभारी यातायात निरीक्षक नारायण सिंह मरकाम भी दल-बल के साथ मौजूद रहे। उन्होंने स्पष्ट किया कि आज हेलमेट देकर समझाया गया है, लेकिन भविष्य में नियमों की अनदेखी करने वालों पर और भी कड़ी कार्रवाई होगी। रायगढ़ पुलिस ने साफ कर दिया है कि जिले में सुरक्षित यातायात व्यवस्था के लिए अब कोई रियायत नहीं बरती जाएगी।




