BIG BREAKING : रायगढ़ पुलिस का ‘ऑपरेशन क्लीन हंट’, खाकी पर हाथ डालने वाला मास्टरमाइंड राजेश मरकाम आखिरकार दबोचा गया!…

- तमनार-पूंजीपथरा पुलिस की संयुक्त स्ट्राइक : पुलिस पर जानलेवा हमला, लूट और सरकारी गाड़ियों को फूंकने वाले मुख्य आरोपी को घेराबंदी कर भेजा जेल।…
रायगढ़ । कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले उपद्रवियों और दंगाइयों के खिलाफ रायगढ़ एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह का हंटर चल गया है। पुलिस बल पर जानलेवा हमला करने, सरकारी गाड़ियां फूंकने और कोयला प्लांट में तांडव मचाने वाले CHP चौक लिबरा हिंसा कांड के मुख्य सूत्रधार राजेश मरकाम को पुलिस ने एक बेहद सीक्रेट और अचूक ऑपरेशन में गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को आज कोर्ट में पेश कर सीधे जेल की सलाखों के पीछे भेज दिया गया।
इस खूनी संघर्ष और उपद्रव के मामले में अब तक 16 एफआईआर दर्ज हो चुकी हैं, जबकि मास्टरमाइंड राजेश मरकाम समेत 22 दंगाई अब तक सलाखों के पीछे पहुंच चुके हैं।
टांगी-लाठियों से हमला, वॉकी-टॉकी तक लूटी : यह था पूरा मामला – मामला गारे पेलमा सेक्टर-01 कोयला परियोजना की जनसुनवाई के विरोध से जुड़ा है। दिसंबर 2025 से प्रभावित ग्रामीण CHP चौक पर धरना दे रहे थे। पुलिस और प्रशासन लगातार शांति की अपील कर रहा था, लेकिन 27 दिसंबर 2025 को आंदोलन के पीछे छिपे अराजक तत्वों ने अपना असली रंग दिखाया।
मुख्य आरोपी राजेश मरकाम की सोची-समझी साजिश के तहत भीड़ को भड़काया। उग्र हुई भीड़ ने पुलिस टीम पर लाठी, डंडे, पत्थरों और धारदार टांगी (कुल्हाड़ी) से जानलेवा हमला बोल दिया। इस खूनी हमले में कई जांबाज पुलिसकर्मी लहूलुहान हो गए। हद तो तब हो गई जब दंगाइयों ने पुलिसकर्मियों से उनके शासकीय वॉकी-टॉकी और मोबाइल फोन तक लूट लिए।
गाड़ियों को किया आग के हवाले, प्लांट में मचाया तांडव – राजेश मरकाम के इशारे पर उग्र दंगाइयों ने तांडव मचाते हुए सड़क किनारे खड़ी पुलिस की सरकारी गाड़ियों और प्रशासनिक अधिकारियों के वाहनों को घेरकर पत्थरबाज़ी की और उन्हें जिंदा आग के हवाले कर दिया। इसके बाद उपद्रवियों ने कोयला प्लांट के भीतर घुसकर जमकर तोड़फोड़ की और भारी सरकारी व निजी संपत्ति को नष्ट कर दिया।
इनफॉर्मर की सटीक टिप और पुलिस की ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ – चार गंभीर मुकदमों (अपराध क्रमांक 303, 306, 307, 308/2025) में नामजद होने के बाद से ही राजेश मरकाम पुलिस की आंखों में धूल झोंककर फरार चल रहा था। 01 जुलाई को मुखबिर से पक्की खबर मिली कि यह मास्टरमाइंड छुपकर ग्राम बरपाली आया हुआ है।
खबर मिलते ही तमनार और पूंजीपथरा पुलिस की संयुक्त टीम ने बिजली की फुर्ती से इलाके को चारों तरफ से कॉर्डन ऑफ (घेराबंदी) किया और आरोपी को भागने का एक भी मौका दिए बिना दबोच लिया। कड़ी पूछताछ में उसने हिंसा की पूरी साजिश रचना कबूल कर लिया है। पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 49 (साजिश और दुष्प्रेरण) भी जोड़ दी है।
एसएसपी की खुली चेतावनी: “घर में घुसकर निकालेंगे, बख्शा कोई नहीं जाएगा” –
”जो कानून को अपने हाथ में लेगा, खाकी पर हमला करेगा या सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाएगा, उसके लिए कानून में कोई रहम नहीं है। ‘ऑपरेशन क्लीन हंट’ सिर्फ एक नाम नहीं, बल्कि अपराधियों के लिए काल है। बाकी बचे आरोपी भी जल्द ही सलाखों के पीछे होंगे।”
श्री शशि मोहन सिंह (एसएसपी, रायगढ़)
इन्होंने निभाई मुख्य भूमिका : इस बेहद संवेदनशील और बड़े ऑपरेशन को एडिशनल एसपी श्री अनिल सोनी के मार्गदर्शन में तमनार थाना प्रभारी निरीक्षक प्रशांत राव, पूंजीपथरा थाना प्रभारी और उनकी जांबाज टीमों ने अंजाम दिया।




