राजधानी में ईंधन माफियाओं पर ताबड़तोड़ कार्रवाई, 44 लाख का पेट्रोल-डीजल जब्त ; 9 गिरफ्तार, दो मास्टरमाइंड सूरज शाह और उमेश साव फरार…

रायपुर। राजधानी में अवैध पेट्रोल-डीजल कारोबार के गढ़ पर पुलिस ने बड़ा शिकंजा कसा है। विधानसभा थाना क्षेत्र में रिंग रोड नंबर-3 स्थित पिरदा चौक और टेकारी चौक के दो यार्ड पर साइबर थाना की टीम ने धावा बोलते हुए करीब 44 लाख रुपए का पेट्रोल-डीजल जब्त किया। कार्रवाई में 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि दोनों रैकेट के मास्टरमाइंड सूरज शाह और उमेश साव मौके से फरार हो गए।
आईजी अमरेश मिश्रा के निर्देश पर की गई इस कार्रवाई ने राजधानी में ईंधन माफियाओं की पोल खोल दी है।
पहला ठिकाना – पिरदा चौक : यहां सूरज शाह के यार्ड पर दबिश दी गई। टीम ने एक टैंकर और 9 ड्रम जब्त किए।
- 1200 लीटर डीजल
- 40 लीटर पेट्रोल
- कुल कीमत : 1.40 लाख रुपए
मौके से अखिलेश चौबे, नीरज कुमार, अरविंद गोड़ और रोहित बघेल को पकड़ा गया।
दूसरा ठिकाना – टेकारी चौक : उमेश साव के यार्ड से तो पूरा जखीरा मिला।
- 1 टैंकर से 15,000 लीटर पेट्रोल + 5,000 लीटर डीजल (19.20 लाख)
- दूसरे टैंकर से 25,000 लीटर डीजल (22.50 लाख)
- तीसरा टैंकर खाली मिला
- अलग-अलग ड्रमों से 1,000 लीटर डीजल और 300 लीटर पेट्रोल
कुल मिलाकर यहां से 42.90 लाख रुपए का माल बरामद हुआ। मौके से शैलेन्द्र कुमार साव, शेख कलीम उद्दीन, राज पटेल, नीरज नेताम और रवि यादव गिरफ्तार हुए।
गंभीर अपराध, जांच तेज : पुलिस ने मौके से जब्त ईंधन के नमूने एफएसएल जांच के लिए भेजे हैं। पाइप और अन्य सामग्री भी सील कर दी गई है। अधिकारियों के अनुसार, बिना लाइसेंस और दस्तावेज के इस स्तर पर ईंधन का संग्रह व बिक्री संगठित अपराध है।
बड़ा सवाल :
- राजधानी में खुलेआम ईंधन माफिया इतना बड़ा कारोबार कैसे चला रहे थे?
- इनके संरक्षणकर्ता कौन हैं?
- क्या मास्टरमाइंड सूरज शाह और उमेश साव पुलिस गिरफ्त से बच निकलेंगे या जल्द सलाखों के पीछे होंगे?
पुलिस ने दोनों फरार आरोपियों पर अपराध दर्ज कर उनकी तलाश तेज कर दी है।




