विशेष पड़ताल / खबर का असर: नाबालिगों के हाथ में स्टेयरिंग देने वाले सावधान! रायपुर RTO ने जारी किया सख्त फरमान, स्कूलों और अभिभावकों पर तय होगी जवाबदेही….

रायपुर। राजधानी रायपुर समेत पूरे प्रदेश में नाबालिग स्कूली बच्चों द्वारा बिना ड्राइविंग लाइसेंस के सड़कों पर फर्राटा भरने के गंभीर मामले पर परिवहन विभाग ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। सड़कों पर मासूम जिंदगियों और आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर उठ रहे सवालों के बाद क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (RTO), रायपुर ने अब तक का सबसे सख्त प्रशासनिक आदेश जारी किया है। इस आदेश के तहत 18 वर्ष से कम उम्र के विद्यार्थियों के दोपहिया वाहन चलाने पर पूरी तरह रोक लगाने और प्रदेश भर के सभी शिक्षण संस्थानों में सघन जांच अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं।
परिवहन आयुक्त के निर्देश पर RTO का कड़ा एक्शन – वरिष्ठ क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी, रायपुर द्वारा जारी आदेश (क्रमांक 1403/क्षे०प०अ०/2026, दिनांक 10/09/2026) के तहत रायपुर जिले के समस्त स्कूल और महाविद्यालय के प्राचार्यों व संचालकों को कड़े शब्दों में निर्देशित किया गया है। यह पूरी कार्रवाई कार्यालय परिवहन आयुक्त, छत्तीसगढ़ के पत्र क्रमांक 3703/प्रवर्तन-कर शाखा/टीसी/2026 (दिनांक 03.09.2026) के संदर्भ में की जा रही है।
आदेश पत्र में स्पष्ट किया गया है कि छत्तीसगढ़ के शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में बड़ी तादाद में 18 वर्ष से कम उम्र के छात्र-छात्राएं बिना किसी वैध ड्राइविंग लाइसेंस के दोपहिया वाहन चलाकर स्कूल और कॉलेज पहुंच रहे हैं।
आदेश के प्रमुख और कड़े बिंदु :
- कानून का खुला उल्लंघन: अल्पवयस्क विद्यार्थियों द्वारा बिना वैध ड्राइविंग लाइसेंस के मोटर वाहन चलाना मोटरयान अधिनियम (Motor Vehicles Act) का सीधा और गंभीर उल्लंघन है।
- सड़क सुरक्षा पर बड़ा खतरा: परिवहन विभाग ने साफ शब्दों में रेखांकित किया है कि कम उम्र में अनियंत्रित गति से वाहन दौड़ाना न केवल छात्रों के जीवन के लिए घातक है, बल्कि राहगीरों व अन्य वाहन चालकों की जान के लिए भी गंभीर खतरा पैदा कर रहा है।
- अभिभावकों को चेताने का निर्देश: समस्त स्कूल और कॉलेज प्रबंधन को पाबंद किया गया है कि वे अपने संस्थानों में अध्ययनरत 18 वर्ष से कम उम्र के विद्यार्थियों के पालकों (अभिभावकों) को अनिवार्य रूप से सूचित करें कि वे अपने नाबालिग बच्चों को दोपहिया वाहन किसी भी हाल में न सौंपें।
संयुक्त जांच का खाका तैयार: उड़नदस्ता और पुलिस होंगे मुस्तैद : कार्रवाई को सिर्फ कागजों तक सीमित न रखकर धरातल पर उतारने के लिए प्रशासन के सभी प्रमुख अंगों को एक साथ मोर्चे पर लगाया गया है। इस आदेश की प्रतिलिपि निम्नलिखित जिम्मेदार अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई और निगरानी हेतु भेजी गई है:
- परिवहन आयुक्त, छत्तीसगढ़ (नवा रायपुर)
- अध्यक्ष, अंतर्विभागीय लीड एजेंसी (सड़क सुरक्षा), पुलिस मुख्यालय, नवा रायपुर
- कलेक्टर, रायपुर
- अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात), रायपुर
- जिला शिक्षा अधिकारी (DEO), रायपुर
- प्रभारी अधिकारी, परिवहन उड़नदस्ता, रायपुर
अब सड़कों और स्कूलों के बाहर होगी सीधी धरपकड़ – इस आदेश के बाद अब परिवहन उड़नदस्ता और रायपुर ट्रैफिक पुलिस संयुक्त रूप से स्कूलों और कॉलेजों के आसपास विशेष जांच अभियान चलाने की तैयारी में हैं। जिला शिक्षा अधिकारी के माध्यम से सभी स्कूलों को अपनी रिपोर्ट तैयार करने को कहा गया है। यदि जांच के दौरान कोई भी नाबालिग छात्र दोपहिया वाहन चलाते पकड़ा जाता है, तो मोटरयान अधिनियम के तहत वाहन जब्ती के साथ-साथ वाहन स्वामी और अभिभावकों के खिलाफ भारी जुर्माने व कानूनी कार्रवाई का शिकंजा कसना तय है।




