रायगढ़ में खौफनाक मंजर : छातामुड़ा बाईपास की कबाड़ दुकान बनी धधकता ज्वालामुखी, दहशत में पूरा इलाका!…

रायगढ़। आज (शनिवार) दोपहर रायगढ़ के छातामुड़ा बाईपास पर उस वक्त मौत का साया मंडराता दिखा, जब एक कबाड़ दुकान ने पलक झपकते ही आग के विकराल ज्वालामुखी का रूप ले लिया। आसमान को चीरते काले धुएं के खौफनाक गुबार ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी।
घटना के मुख्य बिंदु
- स्थान : सारंगढ़–सरायपाली नेशनल हाईवे, छातामुड़ा बाईपास (हीरो मोटरसाइकिल शोरूम के पास)।
- समय : शनिवार दोपहर लगभग 1:45 बजे।
- हालात : आसमान में कई किलोमीटर दूर तक दिखा खौफनाक काला धुआं, हाईवे पर मची भारी अफरा-तफरी।
- वजह : गोदाम में मौजूद भारी मात्रा में प्लास्टिक और अन्य ज्वलनशील सामग्री।
दोपहर का सन्नाटा चीरती आग की लपटें : शनिवार दोपहर करीब पौने दो बजे जब लोग अपने रोजमर्रा के कामों में व्यस्त थे, तभी हीरो शोरूम के पास स्थित कबाड़ दुकान से अचानक धुएं का बवंडर उठने लगा। इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता, आग ने एक खौफनाक राक्षस की तरह पूरे गोदाम को अपने जबड़े में जकड़ लिया। आग की लपटें इतनी भयानक थीं कि राहगीरों के कदम वहीं ठिठक गए और इलाके में चीख-पुकार मच गई।
बारूद की तरह फैली आग, जान बचाकर भागे लोग – यह गोदाम महज कबाड़ का ढेर नहीं था, बल्कि प्लास्टिक, गत्ते (कार्टून) और अन्य ज्वलनशील सामग्रियों के ढेर के कारण एक ‘टाइम बम’ बन चुका था। यही वजह रही कि आग ने बिना कोई मौका दिए विकराल रूप धारण कर लिया। चंद मिनटों में उठी लपटों ने ऐसा तांडव मचाया कि गोदाम के भीतर काम कर रहे कर्मचारियों की सांसें अटक गईं।
मौत को सामने देख मची भगदड़ :
- लपटों को अपनी ओर आता देख कर्मचारियों के बीच जान बचाने के लिए भारी अफरा-तफरी मच गई।
- मौत के मुहाने से लौटकर कर्मचारियों ने किसी तरह भागकर खुद को सुरक्षित किया और फिर हिम्मत जुटाकर आग से जंग लड़ने में जुट गए।
कई किलोमीटर दूर से दिखा खौफ का गुबार – आग की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि घटनास्थल से उठने वाला काले धुएं का विषैला गुबार कई किलोमीटर दूर से ही आसमान को निगलता हुआ दिखाई दे रहा था। हाईवे से गुजरने वाले हर शख्स के मन में खौफ भर गया कि आखिर यह मंजर किस तबाही का इशारा कर रहा है।
यह घटना एक बार फिर भीड़भाड़ वाले और व्यावसायिक इलाकों के बीच सुरक्षा मानकों को ताक पर रखकर चलाए जा रहे अवैध कबाड़ गोदामों पर एक बड़ा और तीखा सवालिया निशान खड़ा करती है।




