बिलासपुर के डीपी विप्र लॉ कॉलेज में गुंडागर्दी : धरने में बैठने से मना किया तो फ्रेशर को लात-घूंसों से पीटा, पासआउट छात्रों पर रैगिंग का आरोप; FIR दर्ज…

बिलासपुर। शहर के प्रतिष्ठित डीपी विप्र लॉ कॉलेज का कैंपस छात्र राजनीति और गुंडागर्दी का अखाड़ा बन गया है। प्रबंधन के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन में शामिल होने से इनकार करने पर सीनियर और पूर्व छात्रों के एक गुट ने LLB फर्स्ट सेमेस्टर के नवप्रवेशी छात्र तुषार दुबे को घेरकर बेरहमी से पीट दिया। लात-घूंसों से की गई इस मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद हड़कंप मच गया है। जांजगीर-चांपा निवासी पीड़ित छात्र की शिकायत पर सरकंडा पुलिस ने महेश साहू, अखिलेश समेत करीब 12 युवकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है।
क्लास में जबरन घुसे, मना करने पर बाहर घेरकर पीटा – कॉलेज प्राचार्य डॉ. सुषमा तिवारी के मुताबिक, सालों पहले डिग्री ले चुके कुछ पासआउट छात्र चलती क्लास में घुसकर फ्रेशर्स का जबरन ‘इंट्रोडक्शन’ ले रहे थे। प्रोफेसर के टोकने पर वे उग्र हो गए और प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए धरने पर बैठ गए। आरोप है कि इसके बाद इन युवकों ने क्लासरूम से बाहर निकल रहे जूनियर छात्रों को खींच-खींचकर धरने में बैठाना शुरू किया। जांजगीर-चांपा निवासी तुषार दुबे ने जब इस जबरन प्रदर्शन का हिस्सा बनने से मना किया, तो करीब एक दर्जन युवकों ने उसे घेर लिया और गाली-गलौज करते हुए लात-घूंसों से हमला कर दिया।

कैंपस में पासआउट्स की ‘दादागिरी’ पर फूटा गुस्सा – घटना के बाद से कॉलेज के आम छात्रों में भारी आक्रोश और दहशत है। छात्रों का सीधा आरोप है कि सालों पहले पढ़ाई पूरी कर चुके बाहरी तत्व कैंपस में लगातार अड्डा जमाए रहते हैं और नए छात्रों पर रौब झाड़ते हैं। पीड़ित छात्र के पिता और हाईकोर्ट के वकील संतोष कुमार दुबे ने इसे सीधा-सीधा रैगिंग और सुनियोजित प्रताड़ना करार दिया है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि बेटा पढ़ाई का माहौल न होने पर बाहर निकल रहा था, जिसे गुंडों ने रोककर पीटा। परिजनों और छात्रों ने पुलिस से इस पूरे मामले की रैगिंग एक्ट के तहत जांच करने की मांग की है।
प्रबंधन सख्त: बार काउंसिल को भेजी जाएगी रिपोर्ट – वारदात के बाद कॉलेज प्रबंधन ने आपातकालीन अनुशासन समिति की बैठक बुलाई। प्राचार्य ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि उपद्रव करने वाले पुराने छात्रों के कैंपस प्रवेश पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है। इसके अलावा, वकालत के पेशे की आड़ में गुंडागर्दी करने वाले इन तत्वों की पहचान कर उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए स्टेट बार काउंसिल को नाम भेजे जा रहे हैं।
सरकंडा थाना प्रभारी प्रदीप आर्य ने पुष्टि की है कि पीड़ित छात्र के आवेदन और मेडिकल आधार पर महेश साहू व अन्य के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। वायरल वीडियो के आधार पर मारपीट करने वाले अन्य चेहरों की पहचान की जा रही है।



