लैलूंगा : ग्राम चोरंगा में श्रीमद् भागवत कथा का भव्य शंखनाद ; भक्ति की धारा में डूबा क्षेत्र…

लैलूंगा (रायगढ़): छत्तीसगढ़ की पावन धरा, जिला रायगढ़ के तहसील लैलूंगा के अंतर्गत आने वाले ग्राम चोरंगा में इन दिनों आध्यात्मिक उत्सव का माहौल है। समस्त ग्रामवासियों के सहयोग से आयोजित श्रीमद् भागवत महापुराण ज्ञान यज्ञ सप्ताह के शुरू होते ही पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो गया है। 02 फरवरी 2026 से शुरू हुआ यह दिव्य आयोजन आगामी 10 फरवरी तक अनवरत जारी रहेगा।
व्यास पीठ से हो रही अमृत वर्षा : इस ज्ञान यज्ञ के मुख्य आकर्षण प्रसिद्ध कथावाचक श्री गोवर्धन दास वैष्णव जी महाराज हैं। उनके मुखारविंद से निःसृत होने वाली कथा का श्रवण करने के लिए आसपास के गांवों से भी श्रद्धालु भारी संख्या में पहुंच रहे हैं। महाराज जी ने कथा के प्रारंभिक दिनों में भागवत महात्म्य का वर्णन करते हुए बताया कि भागवत कथा केवल एक ग्रंथ नहीं, बल्कि साक्षात श्री कृष्ण का स्वरूप है, जो मनुष्य को भवसागर से पार उतारने का सामर्थ्य रखती है। कार्यक्रम का शास्त्रोक्त विधि से संचालन यज्ञाचार्य श्री तिलक प्रसाद त्रिपाठी जी के सानिध्य में संपन्न हो रहा है।
उत्सवों की रहेगी धूम : कथा के दौरान आने वाले दिनों में विशेष उत्सवों का आयोजन किया जाएगा, जो श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र रहेंगे:
- 07 फरवरी: प्रभु श्री राम का जन्म एवं भगवान श्री कृष्ण का नंदोत्सव (जन्मोत्सव) धूमधाम से मनाया जाएगा।
- 08 फरवरी: गिरिराज पूजन, माखन चोरी और रुक्मणी मंगल (विवाह उत्सव) की झांकियां प्रस्तुत की जाएंगी।
- 09 फरवरी: सुदामा चरित्र के साथ कथा को विराम दिया जाएगा।
पूर्णाहुति एवं विशाल भंडारा : आयोजन समिति ने बताया कि 10 फरवरी 2026 को हवन-पूजन और भव्य पूर्णाहुति के साथ इस धार्मिक अनुष्ठान का समापन होगा। इसके पश्चात एक विशाल भंडारा (प्रसाद वितरण) का आयोजन किया गया है, जिसमें हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं के जुटने की संभावना है।
लोक-कल्याण की भावना : ग्राम चोरंगा के निवासियों ने इस आयोजन को अपने पूर्वजों की स्मृति और लोक-कल्याण की भावना से आयोजित किया है। आयोजन समिति के सदस्यों का कहना है कि ऐसे आयोजनों से समाज में एकता, शांति और धार्मिक चेतना का संचार होता है।
आमंत्रण :आयोजक समिति एवं समस्त ग्रामवासी चोरंगा ने क्षेत्र के सभी धर्मप्रेमी जनता से अपील की है कि वे प्रतिदिन दोपहर 3:00 बजे से आयोजित होने वाली इस कथा में सपरिवार पधारकर पुण्य लाभ अर्जित करें।




