बिलासपुर में वन विभाग का बड़ा ‘सर्जिकल स्ट्राइक’: गुरु नानक सॉ मिल सील, प्रतिबंधित अर्जुन लकड़ी का जखीरा बरामद…

बिलासपुर । शहर के आरा मिलों में चल रहे अवैध कारोबार के खिलाफ वन विभाग ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। बिलासपुर वन मंडल के उड़नदस्ता दल ने शनिचरी बाजार स्थित ‘गुरु नानक सॉ मिल’ पर अचानक दबिश देकर उसे सील कर दिया है। मिल के भीतर से भारी मात्रा में प्रतिबंधित टर्मिलेनिया (अर्जुन) के गोले और चिरान बरामद किए गए हैं, जिनका कोई भी वैध दस्तावेज संचालक पेश नहीं कर पाया।
मछली मार्केट के पीछे चल रहा था ‘काला खेल’ – पिछले काफी समय से विभाग को शिकायतें मिल रही थीं कि शहर की आरा मिलों में इमारती लकड़ियों की अवैध कटाई और तस्करी का खेल धड़ल्ले से चल रहा है। रेंज ऑफिसर शुभम मिश्रा के निर्देश पर उड़नदस्ता प्रभारी, डिप्टी रेंजर और फॉरेस्ट गार्ड की संयुक्त टीम ने रणनीति बनाकर शनिचरी बाजार के पीछे दबिश दी। टीम के अचानक पहुंचने से मिल परिसर में हड़कंप मच गया।
जांच में खुली पोल : न कागजात, न संतोषजनक जवाब – जब वन विभाग की टीम ने मिल की तलाशी ली, तो वहां भारी मात्रा में प्रतिबंधित अर्जुन लकड़ी (टर्मिलेनिया) के गोले और तैयार चिरान बिखरे मिले। नियमानुसार इस लकड़ी की कटाई और भंडारण के लिए विशेष अनुमति की आवश्यकता होती है।
- दस्तावेज नदारद : जब स्टाफ से लकड़ी के स्रोत और परमिट के बारे में पूछा गया, तो उनके पास कोई जवाब नहीं था।
- अवैध कटाई : जांच में यह साफ हुआ कि मिल के भीतर बिना किसी वैध परमिट के कीमती इमारती लकड़ियों को चीरा जा रहा था।
- कार्रवाई : गुरु नानक सॉ मिल सील।
- बरामदगी : भारी मात्रा में प्रतिबंधित अर्जुन लकड़ी और चिरान।
- कानूनी कार्रवाई : वन अधिनियम एवं छत्तीसगढ़ काष्ठ चिरान अधिनियम के तहत केस दर्ज।
- लोकेशन : शनिचरी बाजार, मछली मार्केट के पीछे, बिलासपुर।



