लैलूंगा : प्रशासन को बीडीसी सदानंद निषाद की सीधी चुनौती: “डॉ. लखन पटेल का अटैचमेंट रद्द नहीं हुआ तो लैलूंगा में होगा बड़ा आंदोलन, बैठूंगा भूख हड़ताल पर”…

लैलूंगा (जिला रायगढ़, छ.ग.) | 27 अगस्त 2026
स्वास्थ्य विभाग और प्रशासनिक साठगांठ को खुली चुनौती देते हुए राजपुर BDC सदानंद निषाद ने डॉ. लखन पटेल के अटैचमेंट मामले में आर-पार की लड़ाई का ऐलान कर दिया है। जनपद पंचायत लैलूंगा परिसर से प्रशासन पर सीधा हमला बोलते हुए बीडीसी निषाद ने कड़े लहजे में कहा कि यदि जनता के चहेते डॉक्टर को सेवा देने से रोका गया, तो वे चुप नहीं बैठेंगे। वे अपने पूरे परिवार और क्षेत्र की जनता को सड़क पर उतारकर उग्र आंदोलन करेंगे और खुद भूख हड़ताल पर बैठेंगे।
अधीनस्थों की झूठी शिकायतें और भ्रष्टाचार ढंकने का खेल? : सदानंद निषाद ने प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर कड़ा प्रहार करते हुए आरोप लगाया कि अधीनस्थ कर्मचारियों की झूठी और प्रायोजित शिकायतों को आधार बनाकर डॉ. लखन पटेल को निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने सीधे तौर पर कहा कि असली वजह कुछ और है : स्वास्थ्य विभाग में चल रहे भ्रष्टाचार और अनियमितताओं को दबाने के लिए डॉक्टर की बलि चढ़ाने की साजिश रची जा रही है। बीडीसी ने चेतावनी दी है कि इस पूरे षड्यंत्र का जल्द ही भंडाफोड़ कर सच्चाई जनता के सामने लाई जाएगी।
7 साल का विश्वास बनाम प्रशासनिक तानाशाही : डॉ. लखन पटेल पिछले 7 वर्षों से क्षेत्र में निरंतर निस्वार्थ स्वास्थ्य सेवाएं दे रहे हैं, जिससे हजारों ग्रामीणों को इलाज और राहत मिली है। जन-जन में डॉक्टर के प्रति गहरा विश्वास है। क्षेत्र की जनता अब बीडीसी के साथ मैदान में उतर चुकी है और उनका साफ कहना है “जो डॉक्टर हमारी सेवा करता है, हम उसके साथ खड़े हैं।”
- प्रशासन को अल्टीमेटम:
- मामले की तत्काल निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की जाए।
- डॉ. लखन पटेल को न्याय देकर उनका अटैचमेंट तुरंत रद्द किया जाए।
- क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं के साथ खिलवाड़ बंद हो।




