सिगरेट पीने से रोका तो भड़क गया ‘सनकी’ : पेट्रोल पंप के नोजल में लगा दी आग, बाइक बनी आग का गोला…

रायपुर (उरला): राजधानी के उरला इलाके में बुधवार रात एक ऐसी वारदात हुई जिसने सुरक्षा इंतजामों और मानवीय समझ पर सवालिया निशान लगा दिए हैं। एक युवक ने सिर्फ इसलिए पेट्रोल पंप के नोजल पाइप में आग लगा दी क्योंकि उसे वहां सिगरेट पीने से टोका गया था। इस सिरफिरी हरकत की वजह से न सिर्फ पंप की मशीन, बल्कि उसके दोस्त की बाइक की टंकी ने भी आग पकड़ ली।
खौफनाक मंजर : चंद सेकंड और राख हो जाता पेट्रोल पंप – घटना ‘संगीता फ्यूल्स’ की है। सीसीटीवी फुटेज में साफ दिख रहा है कि आरोपी धर्मेंद्र क्षत्री अपने दोस्त इमरान के साथ बाइक में पेट्रोल भरवाने पहुंचा था।
- सनक की पराकाष्ठा : जैसे ही पेट्रोल भरने के लिए टंकी खोली गई, धर्मेंद्र ने सिगरेट सुलझाने की कोशिश की। दोस्त इमरान ने उसे रोका और धक्का दिया, जिससे नाराज होकर धर्मेंद्र ने जलते हुए लाइटर को सीधे नोजल पाइप के पास सटा दिया।
- धमाके जैसी स्थिति : पल भर में आग की लपटें नोजल से होते हुए बाइक की टंकी तक पहुंच गईं। गनीमत रही कि पंप कर्मचारी ने फुर्ती दिखाते हुए पाइप खींचा, हालांकि इस दौरान जलता हुआ पेट्रोल आरोपी धर्मेंद्र पर भी गिरा, जिससे घबराकर वह वहां से भागा।
हीरो बना पंप कर्मी : सूझबूझ से टला बड़ा ब्लास्ट – जहाँ लोग जान बचाकर भाग रहे थे, वहीं पंप कर्मी ने गजब का साहस दिखाया:
- मेन स्विच ऑफ : सबसे पहले मुख्य बिजली सप्लाई बंद की ताकि पंप धमाके के साथ न फटे।
- फायर किट का इस्तेमाल : मौके पर मौजूद अग्निशमन उपकरणों से तत्काल आग पर काबू पाया गया।
पुलिसिया कार्रवाई : सलाखों के पीछे पहुंचे आरोपी – उरला पुलिस ने मैनेजर की शिकायत पर त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
दर्ज धाराएं (BNS) : पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अपराध क्रमांक 53/26 के तहत सख्त धाराओं में मामला दर्ज किया है:
- धारा 326 (छ): जानबूझकर आग या विस्फोटक पदार्थ से संपत्ति को नुकसान पहुँचाना।
- धारा 287: आग या ज्वलनशील पदार्थ के संबंध में लापरवाही।
- धारा 125: दूसरों के जीवन या व्यक्तिगत सुरक्षा को खतरे में डालना।
“आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। सार्वजनिक सुरक्षा को खतरे में डालने वाली ऐसी हरकतों पर पुलिस जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाएगी।”
रोहित माहेलकर, थाना प्रभारी, उरला




