मर्डर के बाद पहनी साड़ी, फिर ‘पाप’ धोने गंगा में लगाई डुबकी : बिलासपुर का सबसे सनसनीखेज हत्याकांड ; शराबी बनकर पुलिस ने ऐसे खोला राज…

बिलासपुर। हत्या के बाद लाश को कचरों में जलाना, खून से सने कपड़े खाक करना और फिर नग्न बदन पर रेलवे ट्रैक किनारे पड़ी ‘साड़ी’ लपेटकर घर भागना… यह किसी वेब सीरीज की पटकथा नहीं, बल्कि बिलासपुर में हुई एक खौफनाक हकीकत है। इतना ही नहीं, कातिल ने हत्या का बोझ हल्का करने के लिए प्रयागराज जाकर मुंडन कराया और गंगा में डुबकी भी लगाई, लेकिन कानून के लंबे हाथों से बच नहीं सका।
सिरगिट्टी थाना क्षेत्र में हुए इस अंधे कत्ल की गुत्थी पुलिस ने फिल्मी स्टाइल में सुलझाई है।
शराब, पत्थर और वो खौफनाक रात : मामला 7 नवंबर का है। होटल ग्रैंड लोटस के पीछे झाड़ियों में एक अधजली लाश मिली थी। मृतक की पहचान 16 दिन बाद यूपी के सोनभद्र निवासी ट्रक ड्राइवर गोपाल कोल (26) के रूप में हुई।
जांच में पता चला कि 7 नवंबर की रात गोपाल शराब पी रहा था। तभी वहां अरुण मानिकपुरी (30) और धनेश लोधी (34) भी पहुंचे। जाम छलकाते-छलकाते विवाद हुआ और दोनों ने पत्थर से गोपाल का सिर कुचल दिया।
सबूत मिटाने की इंतहा: साड़ी पहनकर भागे कातिल : हत्या के बाद आरोपियों ने दरिंदगी की हदें पार कर दीं:
- लाश को कचरे के ढेर में डालकर आग लगा दी।
- खुद के खून से सने कपड़े भी जला दिए।
- सबूत मिटाने के लिए मन्नाडोल तालाब में नहाए।
- बदन पर कपड़े नहीं थे, तो रेलवे ट्रैक किनारे पड़ी एक पुरानी साड़ी लपेटकर दोनों अपने घर पहुंचे।
पाप का प्रायश्चित : मुंडन और गंगा स्नान : हत्या के बाद मुख्य आरोपी अरुण मानिकपुरी को डर सताने लगा। वह अपने ‘पाप’ धोने के लिए अकेले प्रयागराज (इलाहाबाद) निकल गया। वहां संगम में मुंडन कराया और गंगा स्नान कर वापस लौटा। उसे लगा कि अब उसका गुनाह धुल चुका है, और वह वापस अपने साथी धनेश के साथ घूमने लगा।
‘ऑपरेशन शराबी’ : जब पुलिस ने बदला भेष : इस अंधे कत्ल में पुलिस के पास कोई सुराग नहीं था। 1000 मोबाइल नंबर खंगालने और मृतक की पत्नी-प्रेमिका से पूछताछ के बाद भी हाथ खाली थे।
तब एसएसपी रजनीश सिंह ने एक खास टीम बनाई। सिपाही वीरेंद्र सिंह, केशव मार्को और वीरेंद्र साहू को एक अनोखा टास्क मिला— “शराबी बनकर ठिकानों पर रेकी करना।”
ये पुलिसकर्मी फटे-हाले कपड़ों में शराबियों के बीच बैठते और उनकी बातें सुनते। इसी दौरान नशे में धुत आरोपियों के दोस्तों ने राज उगल दिया कि “अरुण और धनेश ने ही काम तमाम किया है।”
सनकी कातिल : हत्या के बाद जलाया मेटाडोर, वकील के घर चोरी : गिरफ्त में आए अरुण और धनेश आदतन अपराधी और सनकी हैं:
- हत्या के बाद इन्होंने मन्नाडोल बस्ती में खड़ी एक मेटाडोर फूंक दी थी।
- अरुण एक वकील के घर हुई चोरी में भी शामिल था।
- पूछताछ में पता चला कि ये हर अपराध शराब पीने के बाद ही करते थे।




