रायगढ़ में ‘अवैध अप्रवासियों’ पर पुलिस का बड़ा एक्शन : जिलेभर में सघन चेकिंग अभियान, उद्योगों से लेकर किराए के मकानों तक ताबड़तोड़ छापेमारी…

- SSP शशि मोहन सिंह के कड़े निर्देश पर पुलिस की विशेष सर्जिकल स्ट्राइक ; ASP अनिल सोनी बने नोडल अधिकारी…
रायगढ़। जिले में कानून-व्यवस्था और राष्ट्रीय सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए रायगढ़ पुलिस ने रविवार, 26 जुलाई को अवैध अप्रवासियों (Illegal Immigrants), संदिग्ध विदेशी नागरिकों तथा बिना सत्यापन के रह रहे बाहरी लोगों की पहचान के लिए अब तक का सबसे बड़ा और सघन जांच अभियान चलाया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) श्री शशि मोहन सिंह के स्पष्ट एवं कड़े निर्देशों के बाद पूरे जिले के सभी थाना और चौकी क्षेत्रों में एक साथ पुलिस टीमों ने विभिन्न इलाकों में दबिश दी।
इस व्यापक कार्रवाई से जिलेभर के संदिग्ध इलाकों, श्रमिक बस्तियों और किराएदारों को बिना वेरिफिकेशन रखने वाले मकान मालिकों के बीच हड़कंप मच गया है।
नोडल अफसर की निगरानी में हॉटस्पॉट्स चिन्हित, तड़के ही शुरू हुई छानबीन – अभियान को व्यवस्थित और परिणामी बनाने के लिए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) श्री अनिल कुमार सोनी को विशेष रूप से नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। उनके प्रत्यक्ष मार्गदर्शन में जिले के सभी थाना प्रभारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों में ऐसे ‘हॉटस्पॉट्स’ चिन्हित किए, जहाँ भारी संख्या में बाहरी राज्यों के प्रवासी मजदूर, किराएदार या संदिग्ध विदेशी नागरिकों के निवास करने की संभावना रहती है।
रविवार तड़के से ही पुलिस टीमों ने चिन्हित स्थानों, किराए के मकानों, औद्योगिक संयंत्रों के आसपास की बस्तियों और लॉज/धर्मशालाओं की घेराबंदी कर सघन जांच शुरू की। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने:
- निवासियों के आधार कार्ड, वोटर आईडी एवं अन्य पहचान पत्र खंगाले।
- उनके मोबाइल नंबरों और मूल निवास स्थानों का सत्यापन किया।
- बायोमीट्रिक एवं संबंधित राज्य/जिले की पुलिस से उनके बैकग्राउंड का मिलान किया।
औद्योगिक इकाइयों और प्लांटों को अल्टीमेटम : “बिना वेरिफिकेशन काम दिया तो होगी जेल” – रायगढ़ जिला एक बड़ा औद्योगिक केंद्र है, जहाँ कई बड़े उद्योग एवं संयंत्र संचालित हैं। इसे ध्यान में रखते हुए पुलिस प्रशासन ने औद्योगिक प्रबंधन पर भी नकेल कसी है:
- पासपोर्ट व वीजा की जांच : उद्योगों में कार्यरत विदेशी नागरिकों एवं बाहरी अधिकारियों के वैध दस्तावेजों (पासपोर्ट, वीजा, वर्क परमिट) की गहन जांच के निर्देश दिए गए हैं।
- संस्थानों पर सीधी गाज : उद्योग संचालकों और ठेकेदारों को सख्त हिदायत दी गई है कि बिना समुचित पुलिस सत्यापन (Police Verification) एवं वैध कागजातों के किसी भी बाहरी व्यक्ति या विदेशी को काम पर न रखें। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित औद्योगिक संस्थानों एवं ठेकेदारों के विरुद्ध वैधानिक एवं दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
आम नागरिकों, मकान मालिकों और ठेकेदारों से पुलिस की अपील – रायगढ़ पुलिस ने जिले के सभी मकान मालिकों, होटल/लॉज संचालकों, ठेकेदारों और आम नागरिकों से सामाजिक जिम्मेदारी निभाने की अपील की है। पुलिस ने स्पष्ट किया कि:
- समय पर कराएं सत्यापन : अपने मकानों में रहने वाले किराएदारों और काम पर रखे गए मजदूरों का पुलिस वेरिफिकेशन अनिवार्य रूप से कराएं।
- संदेह होने पर तुरंत दें सूचना : यदि किसी क्षेत्र में कोई भी विदेशी नागरिक संदिग्ध परिस्थितियों में दिखे या उसके कागजात फर्जी प्रतीत हों, तो बिना देर किए पुलिस को सूचित करें।
- पहचान रहेगी 100% गुप्त : सूचना देने वाले नागरिक की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
सूचना देने के लिए संपर्क सूत्र:
- निकटतम थाना / चौकी
- राज्यव्यापी हेल्पलाइन: 112
- टोल-फ्री हेल्पलाइन: 1800-233-1905
- पुलिस कंट्रोल रूम (रायगढ़): 94791-93299
“राष्ट्रीय सुरक्षा और जिले की कानून-व्यवस्था से कोई भी समझौता स्वीकार्य नहीं है। रायगढ़ जिले में अवैध रूप से निवास करने वाले किसी भी संदिग्ध या विदेशी नागरिक को किसी भी परिस्थिति में संरक्षण नहीं दिया जाएगा। प्रत्येक नागरिक का सजग सहयोग इस अभियान की सफलता की कुंजी है। यदि आपके आसपास कोई अन्य देश का नागरिक बिना वैध दस्तावेजों के निवास करता दिखाई दे तो तत्काल पुलिस को सूचित करें। हम सुरक्षा का एक सुरक्षित और व्यवस्थित वातावरण बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”
शशि मोहन सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP), रायगढ़
लगातार जारी रहेगा सत्यापन का यह महाअभियान – रायगढ़ पुलिस ने साफ़ कर दिया है कि यह कार्रवाई किसी एक दिन की औपचारिक प्रक्रिया नहीं है। आने वाले दिनों में भी यह विशेष सत्यापन अभियान जिले के विभिन्न अंचलों में निरंतर और अधिक आक्रामक रूप से चलाया जाएगा, ताकि रायगढ़ में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधियों, फर्जी पहचान और आपराधिक मंशा वाले तत्वों पर पूरी तरह अंकुश लगाया जा सके।




