लैलूंगा बॉर्डर पर ‘पुष्पा’ स्टाइल फेल : उड़ीसा से पत्थलगांव जा रही गांजा – कार जब्त, 29 किलो माल के साथ 2 तस्कर गिरफ्तार!…

रायगढ़। फिल्म ‘पुष्पा’ के पैंतरे अब हकीकत में पुलिस की पैनी नजरों के सामने फेल होने लगे हैं। रायगढ़ पुलिस ने “ऑपरेशन आघात” के तहत एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए उड़ीसा से कार के गुप्त चेंबरों में छिपाकर लाया जा रहा करीब 29 किलो गांजा बरामद किया है। पुलिस ने दो तस्करों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है, जबकि तस्करी नेटवर्क के मास्टरमाइंड पर एफआईआर दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।
कार के दरवाजों और बैक-लाइट में बनाए थे ‘स्पेशल चेंबर’ : तस्करों ने पुलिस की आंखों में धूल झोंकने के लिए मारुति सुजुकी रिट्ज कार को मॉडिफाई करवाया था। गांजे के पैकेटों को कार के दरवाजों और पिछली लाइटों (Back Light) के अंदर बने गुप्त चेंबरों में ठूंस-ठूंस कर भरा गया था। हालांकि, साइबर सेल और लैलूंगा पुलिस की संयुक्त टीम की ‘एक्स-रे विजन’ जैसी सतर्कता के आगे यह चालाकी धरी की धरी रह गई।
पाकरगांव बॉर्डर पर घेराबंदी, फिल्मी अंदाज में भागने की कोशिश : एसएसपी शशि मोहन सिंह को सटीक सूचना मिली थी कि जशपुर का एक सप्लायर उड़ीसा से गांजे की खेप मंगवा रहा है। रविवार शाम करीब 6 बजे जब चॉकलेट रंग की रिट्ज कार (CG-13-UG-9683) पाकरगांव अटल चौक के पास पहुंची, तो पुलिस ने उसे रोकने का इशारा किया। पुलिस को देखते ही आरोपियों ने गाड़ी कच्चे रास्ते पर दौड़ा दी, लेकिन मुस्तैद टीम ने घेराबंदी कर उन्हें दबोच लिया।
जब्त संपत्ति और गिरफ्तार आरोपी : पुलिस ने मौके से श्रवण कुमार निषाद (34) और महेन्द्र प्रसाद चौहान (40) को गिरफ्तार किया। इनके पास से बरामद सामान का विवरण इस प्रकार है:
- कुल गांजा : 29.115 किलोग्राम (कीमत लगभग 14.50 लाख रुपये)
- वाहन : मारुति सुजुकी रिट्ज कार (कीमत 3 लाख रुपये)
- अन्य : 2 स्मार्टफोन और तस्करी के उपकरण।
- कुल मशरूका : ₹17,65,000/-
सप्लायर ने दिया था ‘कमीशन’ का लालच : पूछताछ में खुलासा हुआ कि पत्थलगांव निवासी रामकुमार कुजूर ने इन दोनों को प्रति 10 किलो गांजे पर 10,000 रुपये की डिलीवरी फीस का लालच दिया था। पुलिस ने मुख्य आरोपी रामकुमार के खिलाफ भी एनडीपीएस एक्ट के तहत नामजद अपराध दर्ज कर लिया है।
“नशे के सौदागरों के लिए रायगढ़ में कोई जगह नहीं है। चाहे तस्करी का तरीका कितना भी आधुनिक या फिल्मी क्यों न हो, कानून के हाथ उन तक जरूर पहुंचेंगे। नेटवर्क के हर सदस्य को सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।” – शशि मोहन सिंह, एसएसपी, रायगढ़
टीम की सफलता: इस महत्वपूर्ण कार्रवाई में थाना प्रभारी लैलूंगा गिरधारी साव, साइबर सेल के बृजलाल गुज्जर, प्रशांत पण्डा और उनकी टीम की अहम भूमिका रही।




