रायगढ़ पुलिस का ‘हंटर’ : विश्वासघात की साजिश का अंत, ‘ऑपरेशन तलाश’ में मास्टरमाइंड निलेश साहू गिरफ्तार…जाने पूरा मामला…

रायगढ़। रिश्तों में जहर और भरोसे में खंजर घोंपने वाली एक सनसनीखेज चोरी का रायगढ़ पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह के नेतृत्व में चल रहे “ऑपरेशन तलाश” के तहत चक्रधरनगर पुलिस ने फरार मुख्य आरोपी निलेश साहू को दबोच लिया है। पुलिस ने आरोपी के पास से करीब ₹3.20 लाख के सोने के सिक्के बरामद किए हैं।
चाय में ‘नशा’, नीयत में ‘खोट’ और एक खतरनाक साजिश – यह पूरी वारदात किसी फिल्मी पटकथा से कम नहीं है। प्रार्थिया प्रमिला शर्मा के घर काम करने वाली नेहा साहू ने अपनी मालकिन के भरोसे का कत्ल किया। उसने चाय में नशीली दवा मिलाकर प्रमिला शर्मा को बेहोश किया और अलमारी साफ कर दी। इस काली साजिश के पीछे नेहा का लिव-इन पार्टनर निलेश साहू और उसका साथी आशीष महंत थे।
चोरी के माल से सजाया था ‘सपनों का घर’ – पुलिस की जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि आरोपियों ने चोरी के जेवर और नगदी से ऐशो-आराम का सामान खरीदा था। नेहा और आशीष को पुलिस पहले ही जेल भेज चुकी है, जिनसे एलईडी टीवी और अलमारी जैसे सामान जब्त किए गए थे। लेकिन मुख्य खिलाड़ी निलेश साहू पुलिस को चकमा दे रहा था।
चक्रधरनगर पुलिस की सर्जिकल स्ट्राइक : लगातार पीछा कर रही पुलिस टीम ने निलेश साहू को उसके ठिकाने (रेलवे बंगलापारा) से घेराबंदी कर गिरफ्तार किया। आरोपी ने कबूल किया कि उसने चोरी के कुछ जेवर बेच दिए थे, लेकिन 10-10 ग्राम के दो सोने के सिक्के बचा कर रखे थे, जिन्हें पुलिस ने बरामद कर लिया है।
मुख्य विवरण:
- गिरफ्तार आरोपी : निलेश साहू (26 वर्ष), निवासी रेलवे बंगलापारा।
- बरामदगी : 2 सोने के सिक्के (कीमत ₹3.20 लाख)।
- अपराध : धारा 331(4), 305 (क), 3 (5) BNS के तहत मामला दर्ज।
- टीम की सफलता : निरीक्षक राकेश मिश्रा, ASI आशिक रात्रे और टीम की रही अहम भूमिका।
एसएसपी का कड़ा अल्टीमेटम :
“विश्वासघात और चोरी करने वालों के लिए रायगढ़ में कोई जगह नहीं है। ‘ऑपरेशन तलाश’ के तहत हर फरार अपराधी सलाखों के पीछे होगा।” – श्री शशि मोहन सिंह (SSP, रायगढ़)




