ऑपरेशन आघात : रायगढ़ पुलिस का जंगल में तांडव, शराब माफियाओं के मंसूबों पर फेरा पानी!

रायगढ़: जिले के ‘सिंघम’ कहे जाने वाले एसएसपी शशि मोहन सिंह के तेवर इन दिनों शराब माफियाओं पर भारी पड़ रहे हैं। “ऑपरेशन आघात” के तहत रायगढ़ पुलिस ने एक बार फिर अवैध शराब के काले कारोबार की कमर तोड़ दी है। थाना छाल पुलिस ने बरभौना के घने जंगलों में चल रही महुआ शराब की भट्ठियों को तहस-नहस कर माफियाओं को कड़ा संदेश दिया है।
पुलिस की धमक देख जंगल की ओर भागे माफिया : मुखबिर से मिली सटीक सूचना के बाद छाल थाना प्रभारी निरीक्षक त्रिनाथ त्रिपाठी के नेतृत्व में पुलिस की टीम ने बरभौना के जंगल में सर्जिकल स्ट्राइक की तरह छापेमारी की। पुलिस की आहट पाते ही अवैध शराब बनाने वाले आरोपी घने जंगल का फायदा उठाकर भाग निकले, लेकिन पुलिस ने मौके पर मौजूद भारी मात्रा में महुआ पास (कच्चा माल) और शराब बनाने के उपकरणों को मौके पर ही जमींदोज कर दिया।
जन चौपाल का दिखने लगा असर : यह कार्रवाई केवल एक छापेमारी नहीं, बल्कि पुलिस और जनता के बीच बढ़ते भरोसे का परिणाम है। हाल ही में थाना प्रभारी द्वारा आयोजित जन चौपाल में ग्रामीणों को जागरूक किया गया था। ग्रामीणों ने निडर होकर पुलिस को सूचना दी, जिसके परिणामस्वरूप इस अवैध भट्ठी का भंडाफोड़ हुआ। अब गांव-गांव में मुनादी कराकर अवैध कारोबारियों को अंतिम चेतावनी दी जा रही है।
एसएसपी का दोटूक संदेश :
“अवैध शराब बनाने और बेचने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। ‘ऑपरेशन आघात’ तब तक जारी रहेगा जब तक जिले से इस नशे के कारोबार का जड़ से खात्मा न हो जाए।”
शशि मोहन सिंह (SSP, रायगढ़)
प्रमुख बिंदु : कार्रवाई के हीरो
- नेतृत्व : थाना प्रभारी त्रिनाथ त्रिपाठी।
- टीम : उप निरीक्षक मदन पाटले, आरक्षक भूपेश राठिया, प्रबंध राठिया, उमेंद्र उरांव और सतीश जगत।
- नतीजा : भारी मात्रा में महुआ लाहन नष्ट, भट्ठियां ध्वस्त।
रायगढ़ पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से पूरे इलाके के कोचियों और अवैध शराब निर्माताओं में हड़कंप मच गया है।




