रायपुर में बंद कमरे से मां-बेटे की सड़ी-गली लाशें मिलने से सनसनी, 4 दिन से घर में कैद थी जिंदगी!…

रायपुर। राजधानी के गुढ़ियारी इलाके में एक बंद कमरे से मां और बेटे के शव मिलने से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। छोटा अशोक नगर स्थित किराये के मकान में 52 वर्षीय जय जी देशमुख और उनके 25 वर्षीय बेटे हंसमुख के शव मिलने से कई सवाल खड़े हो गए हैं। मां-बेटे की मौत कब और किन परिस्थितियों में हुई, फिलहाल इसका खुलासा नहीं हो सका है।
जानकारी के मुताबिक, जय जी देशमुख और उनका बेटा पिछले करीब चार वर्षों से मकान में किराये पर रह रहे थे। बीते तीन से चार दिनों से दोनों घर से बाहर दिखाई नहीं दिए थे। शुरुआत में किसी को इस पर खास ध्यान नहीं गया, लेकिन जब बंद कमरे से तेज दुर्गंध आने लगी तो आसपास के लोगों को अनहोनी की आशंका हुई। सूचना मिलते ही गुढ़ियारी थाना पुलिस मौके पर पहुंची।
दरवाजा तोड़ा तो अंदर मिला मां-बेटे का शव – पुलिस के मुताबिक, मकान का दरवाजा अंदर से बंद था। काफी देर तक आवाज देने के बावजूद जब कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली और कमरे से दुर्गंध आती रही, तब पुलिस ने दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया। कमरे के भीतर मां और बेटे के शव पड़े मिले। इस दृश्य के सामने आते ही इलाके में हड़कंप मच गया।
ऑनलाइन पढ़ाकर चलाती थीं घर, बेटा लंबे समय से था बीमार – प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, जय जी देशमुख ऑनलाइन टीचिंग का काम करती थीं। वहीं उनका 25 वर्षीय बेटा हंसमुख लंबे समय से बीमार था और उसका इलाज चल रहा था। मां-बेटे की जिंदगी घर तक ही सीमित थी या घटना के पीछे कोई अन्य परिस्थिति रही, यह जांच का विषय है।
FSL ने खंगाला घटनास्थल, पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी निगाहें – घटना की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) की टीम को भी मौके पर बुलाया गया। टीम ने कमरे की बारीकी से जांच कर महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है।
फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि मां-बेटे की मौत आखिर कैसे हुई? क्या बीमारी के चलते कोई हादसा हुआ या इसके पीछे कोई दूसरी वजह है? पुलिस सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। मौत की असल वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
बंद कमरे में दो जिंदगियों का अंत कैसे हुआ, इसका जवाब अब पुलिस की जांच में तलाशा जा रहा है।




