अंगूठा लगवाकर गरीबों की थाली खाली करने वाला राशन सिंडिकेट बेनकाब : धरमजयगढ़ में ₹31.75 लाख का महाघोटाला, दो महिला संचालक सलाखों के पीछे!…

रायगढ़। सरकारी सिस्टम की आंखों में धूल झोंककर गरीबों के राशन पर खुलेआम डाका डालने वाले गिरोह का रायगढ़ में पर्दाफाश हुआ है। धरमजयगढ़ विकासखंड की दो उचित मूल्य दुकानों में कुल 31 लाख 75 हजार रुपये से अधिक का खाद्यान्न गबन करने का बड़ा मामला सामने आया है। खाद्य विभाग की टीम ने औचक निरीक्षण कर जब गोदामों की पड़ताल की, तो सरकारी कागजों और असल स्टॉक का अंतर देखकर अधिकारी भी दंग रह गए। मामले में चौकी रैरूमाखुर्द पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए दो महिला आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि चार अन्य आरोपी फरार हैं।
फर्जीवाड़े का घिनौना खेल : ई-पॉस पर फिंगरप्रिंट लिया, अनाज डकार गए -जांच में राशन माफिया की सबसे शर्मनाक करतूत ग्राम ससकोबा (दुकान क्र. 412009078) में पकड़ी गई। यहां अगस्त महीने में जरूरतमंद कार्डधारकों को दुकान पर बुलाया गया, ई-पॉस मशीन पर उनके बायोमेट्रिक अंगूठे लगवाए गए, लेकिन राशन का एक दाना तक नहीं दिया गया।
- लापता अनाज का आंकड़ा : भौतिक सत्यापन में 499.65 क्विंटल चावल, 5.37 क्विंटल शक्कर और 8.03 क्विंटल नमक गायब मिला।
- गबन की कुल रकम : ₹12,89,375 (बारह लाख नवासी हजार रुपये से अधिक)।
- पुलिसिया वार : संचालन एजेंसी ‘सरोज स्व सहायता समूह’ की अध्यक्ष उमाबाई राठिया और सचिव माधुरी बाई राठिया को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। वहीं, विक्रेता बिहारी राठिया मौका पाकर फरार हो गया।
गनपतपुर में खुला दूसरा मोर्चा: ₹18.86 लाख का राशन डकार पूरा समूह भूमिगत – ससकोबा से भी बड़ा गबन ग्राम गनपतपुर (दुकान क्र. 412009080) में सामने आया। जांच अधिकारियों ने जब गोदाम का भौतिक सत्यापन किया, तो स्टॉक रजिस्टर से भारी मात्रा में खाद्यान्न गायब पाया गया।
- लापता स्टॉक : 704.93 क्विंटल चावल, 15.34 क्विंटल शक्कर और 31.98 क्विंटल नमक।
- गबन का मूल्य : ₹18,86,345 (अठारह लाख छियासी हजार रुपये से अधिक)।
- आरोपियों की स्थिति : दुकान का संचालन करने वाले ‘जननी महिला स्व सहायता समूह’ की अध्यक्ष रूबीना खान, सचिव शाहिन खान और विक्रेता शहनवाज खान के खिलाफ गंभीर धाराओं में अपराध दर्ज किया गया है। कार्रवाई की भनक लगते ही तीनों आरोपी फरार हो गए हैं।
आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज – रैरूमाखुर्द चौकी (थाना धरमजयगढ़) में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (नियंत्रण) आदेश 2016 के उल्लंघन पर आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 की धारा 3 और 7 के तहत दो अलग-अलग एफआईआर (अपराध क्रमांक 288/2026 एवं 289/2026) दर्ज की गई हैं। फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए पुलिस टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं।
“गरीबों का हक छीनने वालों को बख्शेंगे नहीं” – एसएसपी शशि मोहन सिंह…
“कमजोर और जरूरतमंद वर्ग के लिए शासन की योजना में हेराफेरी करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। सार्वजनिक वितरण प्रणाली में सेंधमारी करने वाले हर आरोपी के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई होगी।”




