महासमुंद में ‘ऑपरेशन निश्चय’ का महाप्रहार : 10 घंटे में 4.61 करोड़ का नशा जब्त, अंतरराज्यीय सिंडिकेट के 13 तस्कर गिरफ्तार…

महासमुंद। छत्तीसगढ़-ओडिशा सीमा पर स्थित महासमुंद जिले में पुलिस ने नशे के सौदागरों के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी और प्रभावी कार्रवाई को अंजाम दिया है। एसपी प्रभात कुमार के नेतृत्व में चलाए गए ‘ऑपरेशन निश्चय’ के तहत पुलिस की अलग-अलग टीमों ने महज 10 घंटे के भीतर चार थाना क्षेत्रों में घेराबंदी कर 6 क्विंटल 85 किलो गांजा और 700 नशीली गोलियां बरामद की हैं। जब्त किए गए नशे और वाहनों की कुल कीमत 4 करोड़ 61 लाख 67 हजार 506 रुपए आंकी गई है।
शातिराना पैंतरे : पैकर्स एंड मूवर्स और ड्राई फ्रूट्स की आड़ में तस्करी – पुलिस की जांच में खुलासा हुआ है कि तस्करों ने पहचान छिपाने के लिए बेहद चौंकाने वाले तरीके अपनाए थे। ओडिशा से गांजे की बड़ी खेप को मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और राजस्थान भेजने के लिए ‘पैकर्स एंड मूवर्स’ की गाड़ियों का इस्तेमाल किया जा रहा था। घरेलू सामान और ड्राई फ्रूट्स के बोरों के नीचे गांजे के पैकेट छिपाए गए थे ताकि चेकिंग के दौरान किसी को शक न हो।
चार थाना क्षेत्रों में सर्जिकल स्ट्राइक : कार्रवाई का पूरा ब्यौरा –
- बसना : घरेलू सामान के नीचे दबा था 2.38 करोड़ का गांजा – सबसे बड़ी कार्रवाई बसना पुलिस ने की। रायगढ़ से हैदराबाद जा रही एक ‘पैकर्स एंड मूवर्स’ की बोलेरो पिकअप को रोका गया। ऊपर से देखने पर इसमें घरेलू सामान लदा था, लेकिन सघन तलाशी लेने पर उसके नीचे 454.890 किलो गांजा बरामद हुआ। राजस्थान निवासी चालक इमरान (37) को गिरफ्तार किया गया है।
- कोमाखान : नाकाबंदी में फंसा 1 करोड़ से ज्यादा का माल – एनएच-353 टेमरी नाका पर पुलिस ने दो बड़ी कार्रवाइयों को अंजाम दिया:
- ट्रक (CG 04 NJ 9286) : तलाशी में 25 किलो गांजा मिला। एमपी के मोहित और पुष्पेंद्र साहू गिरफ्तार।
- डिजायर कार (JH 01 FJ 4071) : इस लग्जरी कार से 200 किलो गांजा बरामद हुआ। इसमें सवार उत्तर प्रदेश के 3 तस्करों को दबोचा गया। कोमाखान में कुल 1.08 करोड़ का गांजा जब्त हुआ।
- सिटी कोतवाली : रेलवे स्टेशन पर नशीली दवाओं का जखीरा – महासमुंद शहर के रेलवे स्टेशन के पास पुलिस ने छापेमारी कर 700 नग नशीली टैबलेट जब्त की। इस मामले में पुलिस ने स्थानीय नेटवर्क को ध्वस्त करते हुए 5 आरोपियों (राकेश, मनोज, सद्दाम, रिंकू और कामेश) को गिरफ्तार किया है, जो इलाके में नशा फैलाने का काम कर रहे थे।
- सिंघोड़ा : बाइक से तस्करी कर रहे दो गिरफ्तार – एनएच-53 रेहटीखोल के पास पुलिस ने एक बाइक को रोका। बैग की तलाशी लेने पर 6 किलो गांजा मिला। जांजगीर-चांपा निवासी देवचरण और ओडिशा निवासी किशोर को गिरफ्तार किया गया।
4 राज्यों का ‘डेथ नेटवर्क’ ध्वस्त – इस ऑपरेशन ने साबित कर दिया है कि नशे का यह काला कारोबार छत्तीसगढ़ के रास्ते ओडिशा से लेकर एमपी, यूपी और राजस्थान तक फैला हुआ है। पुलिस ने न केवल कूरियर (गाड़ी चलाने वालों) को पकड़ा है, बल्कि कुछ मामलों में थोक सप्लायरों और लॉजिस्टिक कोऑर्डिनेटरों को भी दबोचा है। इस कार्रवाई में बिलासपुर पुलिस और रायपुर कमिश्नरेट की क्राइम ब्रांच का भी अहम तकनीकी सहयोग रहा।
3 महीने में 4 टन गांजा जब्त – महासमुंद पुलिस की सक्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पिछले 90 दिनों में:
- कुल केस : 63 दर्ज
- कुल जब्ती : 4054 किलो (4 टन से अधिक)
- कुल गिरफ्तारियां : 165 आरोपी (जिसमें 117 बाहरी राज्यों के हैं)
एसपी का संदेश : “नशे के खिलाफ हमारा अभियान ‘जीरो टॉलरेंस’ पर आधारित है। ‘ऑपरेशन निश्चय’ के जरिए हम न केवल खेप पकड़ रहे हैं, बल्कि तस्करों के पूरे नेटवर्क और उनकी फंडिंग चेन को ध्वस्त करने का काम कर रहे हैं। तस्कर चाहे कोई भी रास्ता अपनाएं, महासमुंद पुलिस की नजर से नहीं बच पाएंगे।”
प्रभात कुमार, एसपी महासमुंद
जब्त संपत्तियां एक नजर में :
- गांजा : 6 क्विंटल 85 किलो (कीमत ₹3.42 करोड़)
- वाहन : 1 ट्रक, 1 पिकअप, 2 कार और 1 बाइक।
- नशीली दवाएं : 700 टैबलेट।
- कुल मूल्य : ₹4,61,67,506।



