रायगढ़

तमनार के ‘किराये के कमरे’ में नाबालिग की अस्मत से खिलवाड़, रायगढ़ पुलिस ने ओडिशा के सुंदरगढ़ से दबोचा दरिंदा…

  • ऑपरेशन ‘तलाश’ की बड़ी स्ट्राइक : शादी का झांसा देकर 2 दिनों तक किया दुष्कर्म, फिर उर्दना में लावारिस छोड़ भागा था आरोपी दीपक पासवान

रायगढ़। रायगढ़ पुलिस के ‘ऑपरेशन तलाश’ ने सीमा पार जाकर एक ऐसे दरिंदे को बेनकाब किया है जिसने दोस्ती के नाम पर नाबालिग की जिंदगी बर्बाद कर दी। तमनार के एक किराये के मकान को अपनी हवस का अड्डा बनाने वाले आरोपी दीपक कुमार पासवान को कोतवाली पुलिस ने ओडिशा के सुंदरगढ़ से गिरफ्तार कर लिया है। एसएसपी शशि मोहन सिंह के कड़े तेवरों ने साफ कर दिया है कि अपराध कर दूसरे राज्यों में छिपने वाले अब सुरक्षित नहीं हैं।

वारदात का खौफनाक सफर : तमनार से ओडिशा तक – ​घटना की शुरुआत 8 अक्टूबर 2025 को हुई, जब 15 वर्षीय नाबालिग घर से स्कूल के लिए निकली थी। पतराकाला (झारखंड) निवासी आरोपी दीपक पासवान ने उसे ‘दिल्ली ले जाने’ और ‘शादी करने’ के सुनहरे सपने दिखाए।

  • तमनार में कैद : आरोपी उसे बहला-फुसलाकर तमनार स्थित अपने किराये के मकान में ले गया। वहाँ नाबालिग को दो दिनों तक बंधक बनाकर रखा गया और उसकी मर्जी के खिलाफ लगातार शारीरिक संबंध बनाए गए।
  • बेरहमी से छोड़ा : काम निकल जाने के बाद आरोपी 11 अक्टूबर को उसे उर्दना कृष्णापुर के पास लावारिस हालत में छोड़कर फरार हो गया।

पुलिस की ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ – नाबालिग के बरामद होने और उसके बयान के बाद कोतवाली पुलिस ने मामले में POCSO एक्ट और BNS की गंभीर धाराएं (87, 65-1) जोड़ीं। आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहा था।

गिरफ्तारी का घटनाक्रम : एसएसपी शशि मोहन सिंह के मार्गदर्शन में गठित टीम (SI ऐनु देवांगन व अन्य) ने तकनीकी निगरानी के जरिए आरोपी को ओडिशा के सुंदरगढ़ में लोकेट किया। पुलिस टीम ने वहां दबिश देकर आरोपी को घेराबंदी कर पकड़ा और रायगढ़ लेकर आई।

एसएसपी का कड़ा संदेश : “दीगर राज्यों में भी दबिश जारी” – प्रेस वार्ता के दौरान एसएसपी शशि मोहन सिंह ने दो टूक शब्दों में कहा :

“ऑपरेशन तलाश का मकसद ही उन अपराधियों को सलाखों के पीछे लाना है जो कानून को चकमा देकर फरार हैं। हमारी टीम दूसरे प्रांतों में घुसकर दबिश दे रही है। तमनार कांड का आरोपी अब जेल की सलाखों के पीछे है, और यह कार्रवाई अभी थमेगी नहीं।”

प्रमुख बिंदु :

  • जब्ती : आरोपी के पास से वारदात में इस्तेमाल वीवो कंपनी का मोबाइल जब्त किया गया है।
  • टीम वर्क : एडिशनल एसपी अनिल सोनी और सीएसपी मयंक मिश्रा के सुपरविजन में थाना प्रभारी सुखनंदन पटेल की टीम ने इस मिशन को अंजाम दिया।
  • अंतिम कार्यवाही : आरोपी का मेडिकल परीक्षण कराने के बाद उसे आज न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।

रायगढ़ पुलिस का संकल्प : अपराध मुक्त जिला, सुरक्षित बचपन।

Ambika Sao

सह-संपादक : छत्तीसगढ़

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!