बालोद

9 माह से फरार आरोपी को गिरफ्तार करने में थाना बालोद पुलिस को मिली सफलता

फिरोज अहमद खान (पत्रकार)
बालोद। थाना बालोद पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है, जब उन्होंने 9 माह से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार किया। यह आरोपी महिला संबंधी अपराध में फरार था और अब उसे गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। घटना का विवरण इस प्रकार है कि प्रार्थीया ने 28 अक्टूबर 2023 को थाना बालोद में रिपोर्ट दर्ज कराई थी, जिसमें उन्होंने बताया कि उनकी नाबालिग बेटी घर से बिना बताए कहीं चली गई थी। इस पर पुलिस ने गुम इंसान का मामला दर्ज कर लिया और जांच शुरू की गई। जब बेटी की तलाश की गई, तो यह सामने आया कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने उसे बहला-फुसलाकर भगा लिया था। इस संबंध में थाना बालोद ने अपराध धारा 363 (अपहरण) के तहत मामला दर्ज किया और आरोपी की तलाश शुरू की।

गुमशुदा की बरामदगी और आरोपी पर कार्यवाही

बालोद पुलिस की मेहनत रंग लाई और 10 अप्रैल 2024 को गुमशुदा नाबालिग को तुकयेमजाल ब्राम्हणपल्ली एपी आर रोड लेबर कालोनी, थाना हेथनगर, जिला रंगा रेड्डी, तेलंगाना से आरोपी नितिश जांगडे के कब्जे से बरामद किया गया। नाबालिग से पूछताछ के दौरान यह पता चला कि आरोपी ने नाबालिग के साथ शारीरिक शोषण किया था। इसके बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 366 (अपहरण), 376(2)(ढ) (बलात्कार), 4, 5(ट) 6 पाक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया। आरोपी को 12 अप्रैल 2024 को गिरफ्तार किया गया, लेकिन रात्रि के समय आरोपी हिरासत से फरार हो गया, जिसके कारण पुलिस को एक नया मामला धारा 224 (हिरासत से फरार होने) पंजीबद्ध करना पड़ा।

9 माह तक जारी रही आरोपी की खोज

आरोपी के फरार होने के बाद, थाना बालोद पुलिस ने लगातार आरोपी की तलाश की। पुलिस महानिरीक्षक दुर्ग रेंज रामगोपाल गर्ग और पुलिस अधीक्षक बालोद सुरजन राम भगत के निर्देशन में पुलिस अनुविभागीय अधिकारी बालोद देवांश सिंह राठौर द्वारा फरार आरोपी को पकड़ने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए गए। थाना प्रभारी बालोद निरीक्षक रविशंकर पाण्डेय के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया।

आखिरकार गिरफ्तारी में मिली बालोद पुलिस को सफलता

9 माह तक चली छानबीन और जांच के बाद, पुलिस टीम ने 5 फरवरी 2025 को आरोपी नीतिश जांगडे को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक प्रक्रिया के तहत 5 फरवरी 2025 को माननीय न्यायालय में पेश किया गया और फिर जेल भेज दिया गया।

बालोद पुलिस की प्रतिबद्धता

पुलिस विभाग ने यह साबित कर दिया है कि वह महिला और बच्चों से संबंधित अपराधों में पूरी गंभीरता से काम करती है और किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। थाना बालोद की टीम की लगातार मेहनत और समर्पण के चलते आरोपी की गिरफ्तारी संभव हो पाई।

यह घटना बालोद पुलिस की ईमानदारी और समर्पण का उदाहरण है। पुलिस की तत्परता और सहयोग से फरार अपराधी को आखिरकार पकड़ा गया और न्यायिक प्रक्रिया के तहत सजा दिलाने की दिशा में कदम उठाए गए हैं। इस मामले से यह भी स्पष्ट होता है कि बालोद पुलिस थाना टीआई रविशंकर पाण्डेय और उनकी टीम किसी भी मामले में कोई ढिलाई नहीं बरतती और समय रहते कार्यवाही करती है।

Feroz Ahmed Khan

संभाग प्रभारी : दुर्ग
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